सैफई आयुर्विज्ञान विश्वविद्यालय परिसर में हड़ताल के बाद बाहर बैठे वार्ड ब्वाय।
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सैफई आयुर्विज्ञान विश्वविद्यालय में मंगलवार रात जूनियर डाक्टरों ने वार्ड ब्वाय को पीट दिया। इसके विरोध में पैरामेडिकल स्टाफ ने बुधवार सुबह हड़ताल कर दी। करीब तीन घंटे तक ओपीडी सेवा ठप रही। इससे मरीजों को परेशानी हुई। बाद में कुलपति डा. ब्रिगेडियर टी प्रभाकर ने कर्मचारियों को समझाया तो कामकाज पटरी पर लौट सका।
मंगलवार रात आयुर्विज्ञान विश्वविद्यालय के जूनियर डाक्टर मोहित और डा. विजय वार्ड में मरीज देख रहे थे। वहां वार्ड ब्वाय रामेश्वर दयाल से उन्होंने मरीज की बेड शीट बदलने को कहा। इस पर दोनों पक्षों में बहस और गाली गलौज हुई। आरोप है कि जूनियर डाक्टरों ने वार्ड ब्वाय के साथ मारपीट कर दी। बुधवार सुबह वार्ड ब्वाय ने अपने साथ हुई मारपीट की जानकारी साथियों को दी। इस पर पैरामेडिकल स्टाफ ने विश्वविद्यालय प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी कर हड़ताल कर दी।
हड़ताल के कारण ओपीडी सेवा ठप हो गई। एसडीएम और सीओ मौके पर पहुंचे और स्टाफ को समझाया लेकिन बात नहीं बनी। इसके बाद कुलपति डा. ब्रिगेडियर टी प्रभाकर वहां पहुंचे। उन्होंने हड़ताली कर्मचारियोें से बात की। उन्होंने आश्वासन दिया कि विश्वविद्यालय प्रशासन जांच समिति बनाकर मामले की जांच करेगा। दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। कुलपति के आश्वासन के बाद कर्मचारी काम पर लौट आए। हड़ताल के कारण सुबह 9:30 बजे से 12:30 बजे तक ओपीडी ठप रही।