इटावा। राज्य गुड्स एवं सर्विसेज टैक्स (एसजीएसटी) की स्पेशल इन्वेस्टीगेशन ब्यूरो (एसआईबी) की टीम ने बुधवार को इकदिल के जेके ट्रेडर्स में छापा मारकर 51.96 लाख की जीएसटी चोरी पकड़ी है। जांच में यह भी सामने आया कि फर्म का रजिस्ट्रेशन तो कपड़े के व्यापार के लिए है, पर लोहे का कारोबार किया जा रहा है। इसमें चार फर्जी फर्म के नाम भी सामने आए हैं। इस पर जांच की जा रही है।
एसआईबी की टीम में शामिल ज्वाइंट कमिश्नर हरिलाल प्रजापति की टीम ने बुधवार को इकदिल में जेके ट्रेडर्स में छापा मारा। इस दौरान फर्म के फर्जीवाड़े का पता चला। ज्वाइंट कमिश्नर हरिलाल प्रजापति ने बताया कि जेके ट्रेडर्स ने सितंबर में कपड़े का व्यापार करने के लिए रजिस्ट्रेशन कराया था। कपड़े की बजाय करोड़ों के लोहे की स्क्रैप की बिक्री बिना माल आपूर्ति के कर दी गई। मामला उस समय पकड़ में आया जब लोहे के स्क्रैप की आपूर्ति कहीं से हुई नहीं और फर्म ने फर्जी बिक्री दर्शा दी। इस तरह से कर चोरी का पूरा मामला पकड़ में आ गया।
फर्म को 51.96 लाख रुपये की कर चोरी इनपुट टैक्स क्रेडिट (आईटीसी) के रूप में करते हुए आगे की कार्रवाई के लिए भेजा गया है। जांच के दौरान लोहे की फर्जी फर्म का एक नेटवर्क प्रकाश में आया है। इसमें साहिबा इंटर प्राइजेज इकदिल, एनके इंटर प्राइजेज मानिकपुर मोड़ इटावा, महक इंटर प्राइजेज तकिया आजाद गान इटावा, एनएस ट्रेडर्स गाड़ीपुरा इटावा शामिल हैं। सभी फर्जी फर्मों पर कार्रवाई की जा रही है। आगे की कार्रवाई के लिए रिपोर्ट विभाग के एडिशनल कमिश्नर सत्यनारायण को भेज दी है। टीम में असिस्टेंट कमिश्नर चरन सिंह, अधिकारी अरविंद यादव आदि शामिल रहे।
एडिशनल कमिश्नर हरिलाल प्रजापति ने बताया कि जीएसटी में पंजीकृत फर्में जो फर्जीवाड़े में शामिल हैं, वे विभाग के रडार पर हैं। उनके बारे में साक्ष्य मिलने पर कार्रवाई की जाएगी।