मुख्य चिकित्साधिकारी दफ्तर के पास स्थित ड्रग वेयर हाउस में बुधवार सुबह अचानक आग लग गई। इससे लाखों की दवाएं व अन्य सामान जलकर राख हो गया। आग लगने के कारणोें का अभी खुलासा नहीं हो सका है। अफसर जांच जारी होने की दुहाई दे रहे हैं।
सीएमओ आफिस के पास ड्रग वेयर हाउस में सरकारी दवाएं स्टोर की जाती हैं। यहीं से पूरे जिले के सरकारी अस्पतालों में दवाओं की आपूर्ति होती है। बुधवार सुबह करीब 10 बजे वार्ड ब्वाय कमलेश ड्यूटी पर पहुंचा और ड्रग वेयर हाउस से धुआं उठता देख दरवाजा खोला।
दरवाजा खोलते ही आग की लपटें उठने लगीं। वार्डब्वाय की सूचना पर चिकित्सा विभाग के अफसरों के साथ ही सिटी मजिस्ट्रेट व अन्य अधिकारी मौके पर पहुंचे। दमकल दस्ते ने करीब तीन घंटे की मशक्कत के बाद आग बूुझाया।
इस अग्निकांड में ड्रग हाउस में रखी सारी दवाएं, उनका रिकार्ड, फ्रीजर सहित अन्य सामान जलकर खाक हो गया। आग कैसे लगी और कब लगी इस बारे में अफसर चुप्पी साधे हुए हैं। इतना अवश्य बताया गया है कि रात की ड्यूटी पर तैनात कर्मचारी सुबह छह बजे अपनी ड्यूटी खत्म करके गया था।
उसके बाद 10 बजे वार्ड ब्वाय कमलेश ने आकर दरवाजा खोला। सीएमओ डॉ. आरके नैयर के अनुसार ड्रग वेयर हाउस में करीब 60-70 लाख रुपये की दवाएं रखी थीं, जो राख हो गई। आग लगने के कारणों के संबंध में उन्होंने कहा कि यह तो जांच के बाद ही पता चल सकेगा।
मौके पर पहुंचे सिटी मजिस्ट्रेट का कहना है कि चार घंटे तक ड्रग वेयर हाउस में ड्यूटी पर कोई क्यों नहीं रहा। यह आपत्तिजनक है। इसकी जांच कराई जाएगी।