जसवंतनगर। सूरजपुर नहर में नौ मार्च को डूबे गोताखोर का शव शुक्रवार दोपहर जसवंतनगर थाना क्षेत्र में भोगनीपुर गंगनहर में उतराता मिला। शव बलरई की ओर से बहकर आया था। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव निकलवाया, थोड़ी ही देर बाद थाना सिरसागंज पुलिस भी पहुंच गई। गोताखोर फिरोजाबाद जिले के बसई का निवासी कालीचरन उर्फ करुआ (45) था।
कचौरा रोड पर शुक्रवार दोपहर राहगीरों ने शव देखकर पुलिस को सूचना दी। कस्बा इंचार्ज नागेंद्र चौधरी ने गंगनहर से शव को निकलवाया।
इसी बीच सिरसागंज पुलिस भी थाना जसवंतनगर पहुंची। उसने बताया कि वे दो दिन से एक गोताखोर की तलाश कर रहे हैं। शव देखकर पुलिस के साथ पहुंचे परिजन रोने लगे।
बेटे गौतम ने अपने पिता कालीचरन के शव को पहचान लिया। बताया कि नौ मार्च को सूरजपुर नहर के पुल सिरसागंज पर एक युवक डूब गया था। जब पुलिस उसका शव नहीं निकाल सकी तो गोताखोर कालीचरन उर्फ करूआ (निवासी अंते की मड़ैया बसई जिला फिरोजाबाद) को बुलाया।
जब पिता शव को खोजने के लिए नहर में कूदे तो उनका सिर नहर पुल से टकरा गया। इससे पिता भी डूब गए। सिरसागंज पुलिस दो दिन से शव तलाश रही थी।
कालीचरन के तीन पुत्रों में सबसे बड़ा गौतम, दूसरा खेता व तीसरा कृष्णा है। बड़ी बेटी की शादी हो चुकी है।
कालीचरन के पुत्र गौतम, उसके चाचा गंगाराम व मां इंद्रवती ने सिरसागंज पुलिस पर लापरवाही से नहर में कूदा देने का आरोप लगाया।