इटावा। साढ़े बारह लाख के पौधरोपण घोटाले की जांच के लिए सीडीओ राजागणपति आर सोमवार को ताखा पहुंच गए। बीडीओ से जानकारी ली। इसके बाद पूरे मामले की जांच के लिए तीन सदस्यीय कमेटी का गठन कर दिया। सात नवंबर तक कमेटी को रिपोर्ट देने को कहना गया है।
ताखा की 17 पंचायतों में साढे़ बारह लाख रुपये से कागजों पर पौधारोपण कर मनरेगा के धन का बंदरबांट करने वाले अब शिकंजे में आएंगे। सोमवार को सीडीओ राजा गणपित आर ताखा पहुंचे। बीडीओ पीएन यादव से इस बारे में जानकारी ली। मुख्य विकास अधिकारी राजा गणपति आर ने बताया कि ताखा में पौधरोपण में घोटाले की बात सामने आई है। बीडीओ ताखा ने भी इसकी लिखित शिकायत उन्हें दी है। मामला काफी गंभीर है। इसलिए जिला विकास अधिकारी की अध्यक्षता में तीन सदस्यीय टीम की जांच कमेटी गठित की गई है। टीम सात नवंबर तक जांच रिपोर्ट सौंपेंगी। जो भी दोषी पाए जाएंगे उनके विरुद्ध कार्रवाई की जाएगी
ताखा में पौधरोपण के साथ हर्बल पार्क में भी घोटाला हुआ है। शिकायत करने वालों का कहना है कि लेखाकार ने अपने परिचितों की फर्म का फर्जी बिल लगाकर भुगतान कर लिया। रतहरी और ककराही में हर्बल पार्क के निर्माण में भी लेखाकार ने फर्जी बिल लगाकर भुगतान ले लिया।
सचिव हेमंत ने बताया कि दोनों ग्राम पंचायतों में काम वे करवा रहे थे, लेकिन लेखाकार ने फर्जी बिल लगाकर भुगतान निकाल लिया है। उन्होंने जो काम कराया है उसकी देनदारी उन्हे दुकानों को देनी है। लेखाकार के भुगतान कर देने की जब उन्हें जानकारी हुई तो काम को रोक दिया है। पूरे मामले की शिकायत जिलाधिकारी से भी कर दी है। बीडीओ पीएन यादव ने बताया कि जगसिया ट्रेडिंग कंपनी इसके परिजनों के नाम पर है।