चंबल नदी में जलस्तर में आ रही गिरावट।
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चंबल नदी के जलस्तर में आई गिरावट से क्षेत्र के लोगों और प्रशासन ने राहत की सांस ली है। करीब एक सप्ताह से लगातार बढ़ रहा जलस्तर खतरे के निशान 119.80 मीटर से से 3.40 मीटर ऊपर पहुंच गया था। मंगलवार आधी रात तेजी से जलस्तर गिरना शुरू हुआ। अब जलस्तर 120.90 पर पहुंच गया है। जलस्तर में करीब तीन मीटर की गिरावट दर्ज की गई है। हालांकि चंबल अभी भी खतरे के निशान से करीब 1 मीटर ऊपर बह रही है।
चंबल नदी में आई बाढ़ के बाद अब पानी कम होने लगा है। लेकिन पशुओं में बीमारी फैलने की आशंका है। कछारी भूमि जलमग्न हो जाने से पशुओं के समक्ष चारे का भी संकट है। ग्राम प्रधान गौहानी का कहना है कि कछारी भूमि की खड़ी फसलें पानी में डूब जाने के कारण सड़ गईं हैं। चंबल नदी की बाढ़ से क्षेत्र में सैकड़ों एकड़ फसलों को नुकसान हुआ है। जिसका आकलन अभी नहीं हो सका है। जल आयोग ने मंगलवार को ही यह जानकारी दी थी कि अब जलस्तर स्थिर हो सकता है।