ऊसराहार (इटावा)। कस्बे में लोहिया पथ के तहत निर्माणाधीन सीसी रोड में घटिया निर्माण सामग्री के इस्तेमाल का आरोप लगा कर व्यापारियों और सपा कार्यकर्ताओं ने शुक्रवार को हंगामा किया। व्यापारी मार्ग निर्माण में मानकों की अनदेखी करने, कम ऊंचाई और गंदगी पर निर्माण किए जाने का आरोप लगाते हुए लोक निर्माण मंत्री से इसकी शिकायत करने की तैयारी कर रहे हैं।
इटावा-फर्रुखाबाद मार्ग पर कर्री से कन्नौज के बीच लोहिया पथ का निर्माण कार्य चल रहा है। यह मार्ग सैफई से कन्नौज तक प्रस्तावित है। यह मार्ग कस्बे और आबादी के बीच से भी गुजरेगा। कस्बे में आरसीएल कंपनी सीसी रोड का निर्माण करा रही है। कस्बावासियों में इसके निर्माण में घटिया सामग्री का प्रयोग करने की शुरूआत से ही नाराजगी थी। शुक्रवार को कस्बावासियों और सपा कार्यकर्ताओं में इसको लेकर गुस्सा भड़क गया। व्यापारियों का आरोप था कि निर्माण कार्य में सरिया का प्रयोग नहीं किया जा रहा है। इसके अलावा गंदगी भरी जमीन पर ही सीसी डाली जा रही है। लोगों के मुताबिक नियमानुसार जमीन पर तिरपाल बिछाना आवश्यक है। सपा पूर्व विधानसभा अध्यक्ष मन्नीलाल गुप्ता ने बताया कि सीसी में प्रतिबंधित लाल गिट्टी का प्रयोग किया जा रहा है। उन्हाेंने अधिकारियों पर कमीशनखोरी का आरोप लगाते हुए कहा कि अधिकारियोें की शह पर ही कंपनी को घटिया निर्माण सामग्री का प्रयोग कर रही है। सपा नेता गुलाब सिंह यादव का कहना था कि मानकों के विपरीत निर्माण कार्य किसी भी दिशा में मंजूर नहीं किया जाएगा। व्यापारी ओम प्रकाश गुप्ता का आरोप है कि सीसी मार्ग की मोटाई भी कहीं आठ इंच तो कहीं बारह इंच है। कस्बा वासियों ने शुक्रवार को घटिया निर्माण को लेकर जमकर हंगामा काटा। इन लोगों ने इसकी शिकायत लोक निर्माण मंत्री शिवपाल सिंह यादव से की। हंगामा करने वालों में पूर्व प्रधान अशोक यादव, रजा मोहम्मद, राहुल गुप्ता, चंदन गुप्ता सहित कई लोग मौजूद थे।
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अधिकारी रहते गायब
करोड़ों रुपये की सीसी रोड निर्माण में अधिकारियों की लापरवाही सामने आ रही है। नियमानुसार अधिकारियों की देखरेख में ही निर्माण कार्य होना चाहिए और हर समय एक अधिकारी को निर्माण स्थल पर मौजूद रहना चाहिए। लोगों के मुताबिक जब से काम शुरू हुआ है एक भी अधिकारी मौके पर मौजूद नहीं रहता। यही कारण है कि ठेकेदार मनमानी कर रहा है। बुधवार को पीडब्लूडी कन्नौज के अभियंता ने निरीक्षण किया था तब तिरपाल डालने के आदेश जारी किए गए थे। उनके आदेश पर सिर्फ कुछ मीटर तिरपाल डाला गया।
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नालियों के हाल भी बदतर
लोहिया पथ के तहत ही कछपुरा, सरसईनावर और दौलतपुर में नालियों का निर्माण करवाया गया है। इन नालियों के निर्माण के समय भी गुणवत्ता को लेकर ग्रामीणों ने हंगामा किया था लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। इसके दुष्परिणाम नजर आने लगे हैं यह नवनिर्मित नालियां कई जगहों पर टूट-फूट चुकी हैं।