केशव सरस्वती शिशु मंदिर में शस्त्र पूजन करतीं महिलाएं। स्रोत संगठन
एटा। भारती नगर स्थित केशव सरस्वती शिशु मंदिर में रविवार को विहिप के दुर्गा वाहिनी के स्थापना दिवस महिलाओं ने शस्त्र पूजन कार्यक्रम किया। इसका शुभारंभ प्रेमलता वर्मा डेविड ने किया। मुख्य वक्ता मेरठ क्षेत्र संयोजिका रीना शर्मा ने कहा कि नारियां ही संस्कृति, संस्कार और परंपराओं की संरक्षक हैं।
मुख्य वक्ता ने कहा कि एवरेस्ट से लेकर अंतरिक्ष तक यात्रा तय कर महिलाओं ने अपनी शक्ति का प्रदर्शन किया है। समाज में सकारात्मक बदलाव लाने में नारी शक्ति का अभूतपूर्व योगदान है। ऋषियों ने अथर्ववेद में लिखा है माता भूमि: पुत्रों अहं पृथिव्या अर्थात भूमि मेरी माता है और हम इसके पुत्र हैं। नेपोलियन बोनापार्ट ने कहा था कि तुम मुझे योग्य माता दे दो मैं तुमको एक योग्य राष्ट्र दूंगा।
उन्होंने कहा नारी भारतीय जन जीवन की मूल धुरी है। उन्होंने अनेक सफल नारियों के नाम गिनाकर नारी शक्ति का वर्णन किया। कार्यक्रम में लव जेहाद, मार्शल आर्ट, महिषासुर मर्दिनी पर आधारित नाटक प्रस्तुत किए गए। प्रेमलता डेविड एवं पालिकाध्यक्ष सुधा गुप्ता ने कार्यक्रम में मौजूद सभी महिलाओं का आभार व्यक्त किया।
कार्यक्रम में निशा चौहान, रत्नेश गुप्ता, ममता सिंह, बबीता कुलश्रेष्ठ, विमलेश तिवारी, सुनीता जैन सहित बड़ी संख्या में महिलाएं मौजूद रहीं।