एटा। थाना कोतवाली देहात के गांव मरथरा के बाहर नलकूप के पास झाड़ियों में जनपद कासगंज के एक व्यक्ति का शव क्षत-विक्षत हाल में मिला है। हाथ-पैर बंधे हुए थे और पास में बैग भी पड़ा हुआ था। सूचना पर पहुंची पुलिस ने बैग के आधार पर संपर्क करते हुए शिनाख्त कराई।
गांव मरथरा के बाहर सरकारी नलकूप के पास डाॅ. विनोद कुमार का खेत है। मंगलवार की सुबह शौच क्रिया को गए लोगों ने यहीं पर झाड़ियों के बीच में क्षत-विक्षत अवस्था में एक शव को पड़ा देखा। जानकारी होते ही आसपास के गांवों के लोग और एसएसपी श्याम नारायण सिंह मौके पर पहुंचे। उन्होंने संवाद को बताया कि शव के चेहरे और गर्दन का मांस बिल्कुल गायब है। शव लगभग एक सप्ताह पुराना है और हाथ-पैर बंधे हुए हैं। इसको देखकर लगता है कि युवक की हत्या की गई है।
मौके पर पहुंचे दीपक निवासी गली नगरसेन पीपल अड्डा ने शव की पहचान अपने बहनोई राजेंद्र (35) निवासी गांव महावर, थाना ढोलना जिला कासगंज के रूप में की। दीपक ने पुलिस को बताया कि बहनोई शिवसिंहपुर में परिवार के साथ रहते थे। उनके दो लड़के व एक लड़की है। मजदूरी करके परिवार का पालन-पोषण करते थे। 20 जनवरी को गांव व थाना पाली जिला अलीगढ़ निवासी बहन सर्वेश के यहां गए थे। वहां से 24 जनवरी को घर वापस आने के लिए निकले थे। घर नहीं पहुंचने पर पत्नी ने ननद के यहां फोन कर पूछा और उसके बाद खोजबीन की। पता न लगने पर 25 जनवरी को पाली थाने में गुमशुदगी दर्ज कराई गई।
मंगलवार को मरथरा में शव मिलने के बाद परिजन का रो-रोकर बुरा हाल है। तीन भाइयों में से बड़े और छोटे की पहले ही बीमारी से मौत हो चुकी थी। अब राजेंद्र की मौत के बाद घर में चीख-पुकार मच गई। पुलिस ने शव का पंचनामा भरकर पोस्टमार्टम कराया है।