पुरानी पेंशन बहाली की मांग कर रहे शिक्षक कर्मचारी सोमवार को शहर की सड़कों पर उतर आए। हाथों में मांगों की पट्टियां लिए शिक्षक कर्मचारी नारेबाजी कर शहीद पार्क से कलक्ट्रेट तक मार्च एवं प्रदर्शन किया। प्रधानमंत्री को संबोधित ज्ञापन अपर जिलाधिकारी राजेंद्र कुमार को सौंपा। जुलूस के दौरान जीटी रोड पर जगह-जगह पुलिस फोर्स भी तैनात रही।
सोमवार को पेंशन बहाली संघर्ष समिति के तत्वावधान में शिक्षक कर्मचारी सुबह से ही शहीद पार्क में एकत्रित होने लगे। वहां आयोजित बैठक में वक्ताओं ने कहा कि पेंशन उनका अधिकार है। इसे वह लेकर रहेंगे। समिति के संरक्षक डॉ. ललित द्विवेदी ने कहा कि समिति का गठन सिर्फ पुरानी पेंशन की बहाली को लेकर किया गया है। एकजुटता एवं सामूहिक प्रयासों से ही न्याय मिलेगा। संयोजक नीरज मिश्रा ने कहा कि सरकारी कर्मचारियों व शिक्षकों को अप्रैल 2005 के बाद पुरानी पेंशन योजना से वंचित कर दिया गया है।
वर्तमान महंगाई के दौर में वेतन से सेवाकाल में तो गुजारा किया जा सकता है लेकिन सेवानिवृत्ति के बाद पेंशन ही जीवन यापन का एक मात्र सहारा है। सह संयोजक संजय यादव ने समिति द्वारा अब तक किए गए प्रयासों की जानकारी देते हुए कहा कि यदि सभी का सहयोग मिला तो हमें हमारा अधिकार जरूर मिलेगा। इसके बाद सैकड़ों शिक्षकों ने जीटी रोड, गांधी मार्केट में पैदल मार्च कर प्रदर्शन किया और कलक्ट्रेट पहुंचकर प्रधानमंत्री को संबोधित ज्ञापन एडीएम वित्त एवं राजस्व को सौंपा। बैठक को प्राथमिक शिक्षक संघ के राजेंद्र उपाध्याय, माध्यमिक शिक्षक संघ के जिलाध्यक्ष मुकेश शर्मा, प्रांतीय उपाध्यक्ष गुमान सिंह यादव, राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ के विश्वनाथ आदि ने भी संबोधित किया। इस मौके पर अवधेश शर्मा, ज्ञानेंद्र सिंह यादव, पंकज मिश्रा, डॉ. अजय नारायण, मनीष दुबे, सुमित, नवनीत यादव, सतेंद्र सिंह आदि लोग मौजूद थे।