एटा। प्रदेश सरकारी की शिक्षा नीति के खिलाफ सपा महिला प्रकोष्ठ की जिलाध्यक्ष ने कलेक्ट्रेट धरना स्थल पहुंचकर सरकार को आड़े हाथों लिया। बंद किए जाने वाले विद्यालयों में कार्यरत गरीब रसोइयों के बेरोजगार होने के लिए पदाधिकारियों ने राज्यपाल को संबोधित ज्ञापन जिलाधिकारी प्रेम रंजन सिंह को सौंपा।
सपा महिला प्रकोष्ठ की जिलाध्यक्ष पुष्पलता यादव ने कहा कि सरकार प्रदेश में 5000 विद्यालय बंद करने जा रही है जिससे न सिर्फ गरीब छात्रों को शिक्षा से वंचित होना पड़ेगा बल्कि इसमें कार्यरत बेसहारा, बेवा रसोइया भी बेरोजगार हो जाएंगी। प्रदेश सचिव राजकुमारी धनगर ने कहा ज्ञापन के माध्यम से अपनी मांगे सरकार तक रखी हैं। मांगें नहीं मानी गई तो महिला सभा आंदोलन के लिए बाध्य होगीं।
उन्होंने कहा कि मर्ज किए जा रहे विद्यालयों को तत्काल प्रभाव से रोका जाना चाहिए। इन विद्यालयों में कार्यरत रसोइयों को बहाल किया जाए। सम्मानजनक मानदेय नियमित नियुक्ति तथा सामाजिक सुरक्षा योजनाओं से जोड़ा जाए। प्रत्येक बस्ती में एक किलोमीटर की परिधि में उच्च प्राथमिक विद्यालय और 3 किलोमीटर की परिधि में उच्च प्राथमिक विद्यालय की व्यवस्था पुनः सुनिश्चित की जाए। कमलेश देवी, दीक्षा यादव, बेबी देवी, गुड्डू यादव, प्रीति देवी, शकुंतला देवी, रजनी आदि कार्यकर्ता मौजूद रहीं।