एटा। विकासखंड सकीट के गांव मिश्री में मनमाने ढंग से राशन की दुकान का निर्माण शुरू करा दिया गया। शिकायत पर जांच कराई गई तो गड़बड़ी स्पष्ट हो गई। सीडीओ ने बीडीओ को प्रतिकूल प्रविष्टि दी है। ग्राम पंचायत सचिव पर भी कार्रवाई करने के आदेश जारी किए हैं।
मिश्री गांव के लोगों ने मनरेगा के तहत राशन की दुकान का निर्माण गांव में ही कराने की मांग की थी। तत्कालीन बीडीओ फैसल आलम ने मिश्री में दुकान का निर्माण न कराकर ग्राम पंचायत के दूसरे गांव हैदरपुर में कार्य शुरू करा दिया। अश्विनी मिश्रा ने इसकी शिकायत की। जांच में पाया गया कि बिना लेखपाल की रिपोर्ट के आधार पर राशन की दुकान के निर्माण संबंधी प्रक्रिया अपनाई गई। साथ ही हैदरपुर में चयनित दुकान अभिलेखों में दर्ज ही नहीं है। अनधिकृत रूप से जमीन पर निर्माण कार्य शुरू कराया गया।
सीडीओ डॉ. नागेंद्र नारायण मिश्र ने बताया कि जांच में अनियमितता की पुष्टि हुई। राशन की दुकान का चयन शासनादेश के अनुरूप दिए गए तथ्यों के विपरीत किया गया। इसके चलते गांव में विवाद की स्थिति बनी हुई है। साथ ही खतौनी गाटा संख्या में बंजर भूमि के नाम से दर्ज है। इन सभी लापरवाही को देखते हुए वर्तमान जैथरा बीडीओ फैसल आलम को प्रतिकूल प्रविष्टि दी है।