एटा। थाना रिजोर क्षेत्र के एक गांव में पुलिस एक युवक को थाने ले गई। इसके तुरंत बाद युवक की पत्नी ने घर में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। पुलिस को जैसे ही सूचना मिली तुरंत युवक को थाने से छोड़ दिया गया। गांव इब्राहिमपुर नगरिया निवासी जसोदा देवी (44) पत्नी प्रकाशचंद्र गोस्वामी ने सोमवार की रात कमरे में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। पति का कहना है कि सोमवार को गांव के ही दयाशंकर से उसका झगड़ा हो गया था। सूचना पर पहुंची पुलिस दोनों को उठाकर थाने ले आई। रात भर थाने की हवालात में बंद रखा।
प्रकाशचंद्र का आरोप है कि पुलिस के पकड़कर ले जाने की वजह से पत्नी ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। पुलिस को मंगलवार सुबह जानकारी मिली कि जसोदा ने फांसी लगा ली है तो तुरंत समझौता लिखाकर छोड़ दिया। प्रकाशचंद्र का कहना है कि उसके सात बच्चे हैं। बच्चों ने बताया कि मेरे पकड़े जाने के बाद जसोदा उनसे कह रही थी कि अब दिवाली कैसे मनेगी, तुम्हारे पिता को पुलिस पकड़ कर ले गई। बाद में बच्चे सो गए। प्रभारी निरीक्षक विनोद कुमार गौतम ने बताया कि झगड़े की सूचना पर डायल 112 पीआरवी पुलिस दोनों पक्षों को थाने लेकर आई थी। युवक की पत्नी ने आत्महत्या क्यों की है, अभी तक वजह स्पष्ट नहीं है, इसकी जांच की जा रही है।
कमरे में सोते रहे बच्चे, मां ने लगा ली फांसी
प्रकाशचंद्र ने बताया कि बच्चे कमरे में ही सो रहे थे। इसी दौरान पत्नी ने सोमवार की रात किसी समय फांसी लगाकर प्राण त्याग दिए। बच्चों को इसकी जानकारी नहीं थी। सुबह बच्चे अपनी मां को फंदे पर लटका देख बुरी तरह से डर गए।