एटा। सपा नेता व पूर्व विधायक रामेश्वर सिंह यादव की हिस्ट्रीशीट जसरथपुर थाने से गायब कर दी गई। इसमें संलिप्त हेड मुंशी को अग्रिम जमानत देने से जिला न्यायालय ने इन्कार कर दिया है।
1 जून 2022 को जसरथपुर थाने में तत्कालीन हेड मुंशी रामवीर निवासी एका, जिला फिरोजाबाद पर रिपोर्ट दर्ज कराई थी। आरोप है कि रामवीर ने बिना किसी सक्षम अधिकारी की अनुमति के अपनी मर्जी से रामेश्वर सिंह यादव और रामनाथ यादव की हिस्ट्रीशीट को गलत तरीके से नष्ट या गुम कर दिया है। सीओ अलीगंज की जांच में भी यह बात स्पष्ट हुई, जिसके बाद रिपोर्ट दर्ज कराई गई।
अदालत में अग्रिम जमानत प्रार्थना पत्र प्रस्तुत कर रामवीर ने तर्क दिया कि उसे झूठा फंसाया गया है। कोई ऐसा सबूत नहीं है, जिसमें एचएस गायब होने की उसकी जिम्मेदारी साबित होती हो। जिला शासकीय अधिवक्ता ने विरोध करते हुए कहा कि मामला गंभीर प्रकृति का है। इस अपराध के जरिए आरोपी आर्थिक रूप से लाभान्वित हुआ है। जिला जज दिनेश चन्द ने दोनों पक्षों के तर्क सुनने के बाद अग्रिम जमानत दिए जाने का पर्याप्त आधार नहीं पाया। जमानत प्रार्थना पत्र निरस्त कर दिया।
गैंगस्टर एक्ट के दो दोषियों को तीन साल की सजा
एटा। गैंगस्टर एक्ट में दो आरोपियों को अदालत ने दोषी ठहराया है। 2002 में मलावन थाना पुलिस ने मनोज और अमित निवासी निगोह हसनपुर के विरुद्ध मामला पंजीकृत किया था। अदालत ने इनको दोषी पाते हुए तीन साल के कारावास व पांच हजार रुपये अर्थदंड से दंडित करने का आदेश दिया है। संवाद