एटा। नगर पालिका के सभासद के भाई हामिद अली उर्फ पप्पू की अज्ञात लोगों ने शनिवार रात गोली मारकर हत्या कर दी। मौके से मिले मृतक के मोबाइल का स्क्रीन लॉक नहीं खुल पा रहा है। अलीगढ़ और आगरा में असफलता मिलने पर इसे फॉरेंसिंक लैब लखनऊ भेजा गया है। उधर पुलिस जानकारी व फोन सीडीआर के आधार पर दो दिन में 60 से अधिक लोगों से पूछताछ कर चुकी है।
जिला मुख्यालय पर स्थित रेलवे स्टेशन के पास शनिवार की रात हामिद अली उर्फ पप्पू निवासी मारहरा दरवाजा का शव पड़ा मिला। गुड्स प्लेटफार्म संख्या 9ए के पास मिले शव में दो गोलियां लगी हुई थीं। सभासद भाई कफील अहमद की तहरीर पर जीआरपी थाने में अज्ञात के विरुद्ध हत्या की रिपोर्ट दर्ज की गई।
सीओ सिटी राजेश सिंह ने बताया कि पुलिस की 3 टीमें लगातार जांच-पड़ताल कर रही हैं। सोमवार को भी आसपास के सीसीटीवी फुटेज को खंगाला गया। इसके साथ ही एक टीम ने घटना स्थल व रेलवे लाइन के आसपास के क्षेत्र में सुराग ढूंढ़ने का प्रयास किया।
घटना के बाद शक के आधार पर सोमवार तक लगभग 60 लोगों से पूछताछ की गई। सीओ सिटी ने बताया कि जीआरपी की ओर से मृतक के मोबाइल का स्क्रीन लॉक खुलवाने का प्रयास किया जा रहा है। आगरा और अलीगढ़ में लॉक खुला नहीं अब फॉरेंसिक लैब में भेजा गया है। लॉक खुलने के बाद ही राज पता चल सकेगा कि आखिर किससे अंतिम बार बात हुई और किसने कोई मैसेज या व्हाट्सएप कॉल की।
लाइट सही होती तो यहां नहीं मिलता शव
जीआरपी पुलिसकर्मियों के अनुसार जहां शव मिला है वहां की लाइट काफी समय से खराब है। पहले जब वह जलती थी तो युवा दौड़ लगाते या बच्चे खेलते मिल जाते थे। अब अंधेरा होने के कारण कोई उधर नहीं जाता है।