एटा। नगर पालिका परिषद एटा के प्रांगण में वर्ष 2016 में बनाए गए अनुपम कॉमर्शियल कांप्लेक्स निर्माण के दौरान निर्माण सामग्री की आपूर्ति करने वाली फर्म को पांच साल बाद भी भुगतान नहीं किया गया है। वहीं पालिका से इसकी पत्रावली ही गुम हो गई। यह शिकायत फर्म स्वामी ने संपूर्ण समाधान दिवस में डीएम अंकित अग्रवाल से की। इस पर डीएम ने जांच कर दोषी के खिलाफ कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं।
संपूर्ण समाधान दिवस में मै. लक्ष्मी सीमेंट ट्रेडर्स फर्म के मालिक महावीर प्रसाद गुप्ता ने डीएम को शिकायती पत्र दिया और कहा कि वर्ष 2016 में अनुपम कांप्लेक्स के निर्माण के दौरान नगर पालिका परिषद को चंबल, बालू और सीमेंट आदि निर्माण सामग्री की आपूर्ति की गई थी।
अप्रैल 2016 में पीएनबी के चेक के माध्यम से पालिका ने तीन लाख 10 हजार 310 रुपये का भुगतान किया। बकाया 16 लाख 25 हजार 200 रुपये का भुगतान आज तक नहीं किया गया है। पूर्व में इसकी शिकायत आईजीआरएस पर दर्ज कराई गई लेकिन नगर पालिका ने पत्रावली के अभिलेख मौजूद न होने का उल्लेख कर दिया।
-------------------------
संपत्ति लिपिक ने फर्म स्वामी पर लगाया पत्रावली गुम करने का आरोप
नगर पालिका के संपत्ति लिपिक यशवीर यादव का आरोप है कि फर्म स्वामी का पुत्र ठेकेदार अनुज गुप्ता पत्रावली गायब करने के मामले में फंसाना चाहता है। मुझ पर गलत आरोप लगाया गया है। अनुपम कांप्लेक्स निर्माण के दौरान निर्माण सामग्री की आपूर्ति के लिए कुटेशन ठेकेदार अनुज प्रकाश गुप्ता को दी गई थी।
तत्कालीन ईओ के निर्देशानुसार बिलों के सत्यापन और एमबी के लिए पत्रावली ठेकेदार को 30 अप्रैल 2016 को दी गई थी। इसके बाद ठेकेदार ने पत्रावली नहीं लौटाई। इस संबंध में सात दिसंबर 2019 को उच्चाधिकारियों की सहमति से ठेकेदार के खिलाफ कोतवाली में तहरीर भी दी थी।
---------------------------
नगर पालिका में वित्तीय वर्ष 2016 में कार्य कराए गए हैं। ये कार्य मेरे कार्यकाल में नहीं हुए हैं। इस संबंध में उच्चाधिकारियों द्वारा प्राप्त होने वाले निर्देशों का पालन किया जाएगा।
- डॉ. दीप वार्ष्णेय, ईओ नगर पालिका