एटा। जनपद में अगर किसानों ने बिना सुपर एसएमएस (स्ट्रॉ मैनेजमेंट सिस्टम) के कंबाइन हार्वेस्टर से धान की फसल को कटवाया तो खैर नहीं। क्योंकि कंबाइन हार्वेस्टर से कटाई के बाद जो पराली रह जाती है, उसमें किसान आग लगा देते हैं, जिससे पर्यावरण प्रदूषित होता है। साथ ही पशुओं के लिए चारे की कमी भी हो जाती है। ऐसी मशीनों को जांच कर सीज कराया जा रहा है। रविवार को दो मशीनें सीज की गईं।
डीएम प्रेम रंजन सिंह के निर्देश पर कृषि एवं राजस्व विभाग के साथ ही क्षेत्रीय कर्मचारी भी लगातार फसल कटाई पर निगाह रख रहे हैं। रविवार को बागवाला क्षेत्र में वृहद स्तर पर अभियान चलाया गया। इस दौरान जिला कृषि अधिकारी डाॅ. मनवीर सिंह व अन्य अधिकारियों ने धान की फसल काटते दो कंबाइन हार्वेस्टरों को पकड़कर सीज किया और थाना बागवाला पुलिस को सौंप दिया।
जिला कृषि अधिकारी द्वारा सतर्क किया गया कि अगर कोई भी किसान कंबाइन हार्वेस्टर बिना सुपर एसएमएस (सुपर स्ट्रॉ मैनेजमेंट सिस्टम) के चलाता हुआ पाया गया तो मशीन को को तत्काल सीज किया जाएगा। वहीं किसानों को कृषि विभाग द्वारा दी जा रही सुविधाओं को रोकने पर विचार भी किया जाएगा। इसलिए किसान खेत में पराली किसी भी कीमत पर न जलाएं। उसको खेत में पलटकर सड़ा दें जिससे कि वह खाद बन जाए या फिर उसका चारा बना लें। जो कि पशुओं के काम आ सके।