फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

किसानों ने पैदल मार्च निकालकर घेरा जनप्रतिनिधियों का आवास

विज्ञापन
शांति नगर में प्रदर्शन करते किसान संगठन के पदाधिकारी व कार्यकर्ता । - फोटो : ETAH
विज्ञापन
एटा। भारतीय किसान यूनियन (अराजनैतिक) के तत्वावधान में कृषि कानूनों के विरोध में किसानों ने पैदल मार्च निकालकर जनप्रतिनिधियों का आवास घेरा, इसके बाद शहीद पार्क में पंचायत की। विधायक और सांसदों में से किसानों को अपने आवास पर कोई नहीं मिला। वहीं राज्यसभा सांसद हरनाथ सिंह के आवास पर उनके पुत्र डॉ. वाचस्पति सिंह ने किसानों का ज्ञापन लिया।
विज्ञापन

भाकियू के बैनर तले किसान सुबह 11 बजे जीटी रोड स्थित पूर्व सांसद देवेंद्र सिंह यादव के आवास पर एकत्रित हुए। यहां से कार्यकारी अध्यक्ष रघुराज सिंह के नेतृत्व में पैदल मार्च आरंभ किया गया। किसान सबसे पहले अरुणा नगर स्थित सदर विधायक विपिन वर्मा डेविड, इसके बाद शांति नगर स्थित मारहरा विधायक वीरेंद्र लोधी और सांसद राजवीर सिंह के आवास पर पहुंचे। यहां उन्हें कोई जनप्रतिनिधि मौजूद नहीं मिला। बताया कि बजट सत्र के कारण विधायक लखनऊ और सांसद दिल्ली में हैं। राज्यसभा सांसद हरनाथ सिंह के आवास पर उनके पुत्र डॉ. वाचस्पति सिंह ने किसानों का ज्ञापन लेकर सांसद तक पहुंचाने का आश्वासन दिया।
शहीद पार्क में हुई पंचायत में जिलाध्यक्ष रमेेेचंद सिंह यादव ने कहा कि केंद्र सरकार द्वारा बनाए गए कृषि कानूनों से किसान बेरोजगार हो जाएगा। संघर्ष समिति के जिलाध्यक्ष हाकिम सिंह ने कहा कि इस कानून से अमीर और गरीब की खाई बढ़ेगी। कार्यकारी अध्यक्ष रघुराज सिंह ने कहा कि कानून अमल में लाने के बाद महंगाई बढ़ेगी। वहीं जिला प्रभारी राजेंद्र सिंह ने कहा कि तीनों कानून समाज विरोधी हैँ। कोषाध्यक्ष डॉ. महीपाल सिंह ने कहा कि निजी नलकूपों पर मीटर लगाए जा रहे हैं, जबकि अब तक सिंचाई मुफ्त थी। जिला महासचिव देवेंद्र सिंह ने कहा कि कांट्रेक्ट फार्मिंग के तहत कानून के हिसाब से किसान कोर्ट नहीं जा सकता है।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें