एटा। मिरहची क्षेत्र के गांव कल्याणपुर में शनिवार की रात शिक्षक की शादी की सालगिरह की खुशियां मातम में बदल गईं। केक काटने के कुछ देर बाद घबराहट होने के साथ उनकी तबीयत बिगड़ गई। मेडिकल कॉलेज में उन्हें मृत घोषित कर दिया गया।
कल्याणपुर गांव निवासी 38 वर्षीय सावेंद्र राजपूत गांव में ही स्कूल चलाते थे। 17 मई को वह खाटू श्याम दर्शन को गए थे। 22 मई की देर रात वापस लौटे। उनके भतीजे रामू ने बताया कि 23 मई शनिवार की सुबह उन्हें बुखार, शरीर में दर्द की शिकायत हुई। इस पर उन्होंने अंचलपुर गांव के एक चिकित्सक से दवा ले ली। जांच रिपोर्ट में डाॅक्टर ने प्लेटलेट्स कम होने की बात कही। शाम को तबीयत में सुधार महसूस होने पर वह घर आ गए। शनिवार को उनकी शादी की सालगिरह थी। घर पर ही केक और खाने-पीने का कार्यक्रम रखा। इसमें परिवार के लोग शामिल हुए। इसके करीब एक घंटे बाद उनकी फिर से तबीयत बिगड़ने लगी। उन्होंने घबराहट होने की बात कही और पानी मांगा। पानी पीने के बाद परिवार के लोग उन्हें मेडिकल कॉलेज ले जाने लगे। रामू के मुताबिक रास्ते में ही सोवेंद्र बेहोश हो गए। मेडिकल कॉलेज में उन्हें मृत घोषित कर दिया गया। इसके बाद परिवार में चीखपुकार मच गई। परिजन उन्हें कासगंज में एक निजी चिकित्सालय ले गए। वहां भी मृत होने की बात सुनकर परिवार में चीखपुकार मच गई।
पत्नी और बच्ची का रो-रोकर बुरा हाल
सोवेंद्र की मौत के बाद गांव कल्याणपुर में शोक का माहौल है। उनकी चार वर्ष पहले शादी हुई थी। वह अपने पीछे पत्नी पंकज और करीब तीन साल की मासूम नाव्या को छोड़ गए हैं। परिवार गहरे सदमे में है।