एटा। नगर पालिका में भ्रष्टाचार की बू आने लगी है। ईओ के निरीक्षण के बावजूद ठेकेदार द्वारा कच्ची ईंटों का उपयोग नाला के निर्माण में किया जा रहा है। अंतर बस इतना है कि अब ईंटें वाहन से उतारकर सड़क पर नहीं रखी जा रही हैं। किसी मीडियाकर्मी के आते ही वाहन को आगे बढ़ा दिया जाता है। आदेश के बाद भी मौके पर कच्ची ईंटों का उपयोग ईओ के पूरे निरीक्षण को ड्रामा साबित कर रहा है।
नगर पालिका द्वारा कराए जा रहे विकास कार्य की अमर उजाला टीम ने मंगलवार को मौके की पड़ताल की थी। यहां किदवई नगर चौराहा से आवास विकास कॉलोनी तक नाला का निर्माण किया जा रहा है। निर्माण कार्य में कच्ची ईंटों का प्रयोग किया जा रहा है। यहां तक की ठेकेदार मानपाल सिंह ने भी स्वीकारा कि कच्ची ईंटों का प्रयोग किया जा रहा है। लगभग 275 मीटर की दूरी का नाले 14 लाख 79 हजार 6 सौ 63 रुपये में बनाया जा रहा है।
मंगलवार को जब ईओ डॉ. दीप वार्ष्णेय से उनके कार्यालय में बात की तो वह तत्काल मौके पर पहुंचे और ठेकेदार को निर्देश दिए, बावजूद जब बुधवार को सुबह करीब 11 बजे मौके पर जाकर देखा गया तो निर्माण में कच्ची ईंटों का उपयोग किया जा रहा है।
नगर पालिका के निर्माण में लापरवाही बरती जा रही है। इसकी जांच कराने के लिए जिलाधिकारी और कमिश्नर को पत्र लिखेंगे। दोषी के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
-मीरा गांधी, चेयरमैन, नगर पालिका