एटा। नगर पंचायत जैथरा के सभासदों ने विकास कार्यों में गड़बड़ी के आरोप लगाते हुए एसडीएम को शिकायत सौंपी थी। कराई गई जांच में सभी शिकायतें गलत पाई गईं हैं।
नगर पंचायत के कुल 11 सभासदों में से 4 ने चेयरमैन विवेक कुमार गुप्ता के विरुद्ध मोर्चा खोला था। 11 सितंबर को उपजिलाधिकारी अलीगंज जगमोहन गुप्ता से शिकायत की थी। 14 बिंदुओं की शिकायत में कई आरोप लगाए थे। हैडपंप एवं रिबोर की बोरिंग की गहराई मानक के अनुरूप न होने, विकास कार्य एवं भुगतान में अनियमितता बरतने, गोशाला के गोबर से गोकाष्ठ न बनाकर सीधे गोबर बेचने, करीब 70-72 लाख रुपये खर्च कर नगर में लगाए गए एक हजार लीटर क्षमता वाले चिलिंग वाटर आरओ को शुरू न कराने आदि आरोप थे।
उपजिलाधिकारी ने आरोपों की जांच नायब तहसीलदार जैथरा सतीश कुमार को सौंपी। नायब तहसीलदार ने जांच करने के बाद अपनी रिपोर्ट एसडीएम को सौंप दी है। सभी आरोपों को असत्य बताया है। उन्हें जांच में सभी कार्य एवं भुगतान सही व नियिमित मिले। चेयरमैन ने बताया कि नगर में हो रहे विकास कार्यों को देखकर विपक्षी बौखला गए हैं। इसलिए सभासदों के माध्यम से झूठी शिकायत कर विकास में अवरोध पैदा करने का प्रयास किया गया।
नगर की जनता अब इनकी पूरी हकीकत जान चुकी है। यह भी बताया कि सभासदों ने झूठी शिकायत कर उनकी मान-प्रतिष्ठा को धूमिल किया है। इसके लिए अधिवक्ताओं से विधिक राय ली जा रही है। संबंधित सभासदों के विरुद्ध सिविल और आपराधिक कार्रवाई की जाएगी।