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‘मृत’ महिला साढ़े छह माह बाद जिंदा मिली

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एटा। एक ‘मृत’ महिला को साढ़े छह माह बाद पुलिस ने शुक्रवार की सुबह बस स्टैंड से जीवित बरामद कर लिया। जब महिला सीओ कार्यालय पहुंची तो उसे देखने के लिए लोगों का मजमा लग गया। वह महिला दिल्ली में रहकर नौकरी कर रही थी और किसी काम से एटा आई थी। महिला ने दिए बयान में पिता, पति व दोस्त के साथ रहने से इंकार कर दिया है। पुलिस ने महिला पुलिस की अभिरक्षा में सौंपते हुए मेडिकल परीक्षण के लिए भेजा है। महिला के ससुरालवालों के खिलाफ उसके पिता ने कोर्ट के आदेश से दहेज न मिलने पर हत्या कर शव गायब कर देने की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। उधर, पति ने भतीजे सहित दो के खिलाफ अपहरण का मामला दर्ज कराया था।
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जिला मैनपुरी थाना कुरावली के गांव अकबरपुरझाला निवासी थान सिंह ने अपनी बेटी अंजुम (22) की शादी बीते साल सात जुलाई को थाना बागवाला के गांव सत्तारपुर निवासी विजय सिंह के पुत्र सुशील के साथ की थी। शादी के बाद से ही पति-पत्नी के बीच किसी बात पर अनबन रहने लगी। गत 14 जनवरी को ससुराल से किसी काम के बहाने चली गई और फिर घर नहीं लौटी। ससुरालवालों ने उसकी काफी तलाश की। रिश्तेदारी में पूछा, मगर उसका कहीं भी पता नहीं चला। यह जानकारी जब मायकेवालों को लगी तो उन्होंने ससुरालीजनों पर दहेज की मांग पूरी न होने पर पुत्री की हत्या कर शव गायब करने का आरोप लगाया। पिता ने पुलिस द्वारा रिपोर्ट दर्ज न करने पर कोर्ट के आदेश से दामाद सहित अन्य लोगों के विरुद्ध रिपोर्ट दर्ज कराई थी।
इधर, काफी तलाश के बाद भी जब वह नहीं मिली तो पति ने नौ अप्रैल को कासगंज थाना सिढ़पुरा के गांव नगला गुलाबी निवासी कृष्णा व भतीजे मुनेश के खिलाफ अपहरण की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। इसके बाद पुलिस जांच में जुट गई। शुक्रवार को अंजुम किसी काम से एटा आई थी और काम करने के बाद वापस दिल्ली जा रही थी। इस दौरान पूर्वाह्न 11 बजे थाना बागवाला प्रभारी को सूचना मिली तो उन्होंने महिला पुलिस के साथ उसे बस स्टैंड से पकड़ लिया। बाद में महिला एसओ ने उसके बयान दर्ज किए। अंजुम ने पति, पिता व साथी के साथ जाने से इंकार कर दिया। अब वह अकेली रहना चाहती है।
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अंजुम ने बताया कि घर से जाने के बाद पति सुशील के भतीजे मुनेश के दोस्त कृष्णा ने दिल्ली में नौकरी लगवाने में उसकी मदद की थी। वह उसके साथ नहीं रह रही थी। इतने दिनों से दिल्ली में रहकर नौकरी कर रही थी। उसकी न तो हत्या हुई और न ही दहेज मांगा गया। वह अपनी मर्जी से घर छोड़कर गई थी। सीओ सिटी अंबेश चंद्र त्यागी ने बताया कि मामला दहेज हत्या का नहीं था। मायके वालों ने दहेज हत्या का फर्जी मुकदमा दर्ज कराया था। अंजुम को महिला पुलिस की अभिरक्षा में चिकित्सीय परीक्षण के लिए भेजा गया है। बाद में एसडीएम कोर्ट में पेश किया जाएगा।
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इंटर पास थी अंजुम, पति चलाता था रोलर
एटा। अंजुम इंटर पास थी, जबकि पति सुशील ज्यादा पढ़ालिखा नहीं था। वह रोड रोलर चलाता था। इसके चलते शादी के बाद से दोनों में बनती नहीं थी। इसी के चलते वह घर छोड़कर चली गई।
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