एटा। नगला भूपाल गांव में घर के बाहर खेल रही तीन साल की मासूम बच्ची लापता हो गई। घरवालों ने पुलिस के साथ गांव के साथ ही जंगल तक की खाक छान डाली। 30 घंटे बाद भी सुराग नहीं लगने पर परिजन ने अपहरण की आशंका जताई है। थाना मलावन पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज करके बच्ची की तलाश शुरू कर दी है।
गांव निवासी महेश चंद की बेटी सोनी की शादी गांव अकसौली थाना सिकंदराराऊ, हाथरस के संजय के साथ हुई थी। तीन साल पहले सोनी ने बेटी की जन्म दिया। डिलीवरी के दौरान तबीयत बिगड़ने पर सोनी की मौत हो गई। इसके बाद सोनी की 3 साल की बेटी राधिका ननिहाल में रहने लगी। परिजन ने बताया कि शनिवार की सुबह करीब 11 बजे राधिका बच्चों के साथ खेल रही थी। खेलते-खेलते बच्ची अचानक लापता हो गई। करीब आधा घंटे बाद परिजन ने तलाश शुरू की।
आसपास के घर, खेत जंगलों में बच्ची की तलाश की गई लेकिन उसका कोई पता नहीं चला। इससे परिजन चिंतित हो उठे। दोपहर बाद इसकी सूचना पुलिस को दी गई। मलावन थाने में गुमशुदगी दर्ज कर पुलिसकर्मी बच्ची की तलाश में जुट गए। गांव में कोई सीसीटीवी नहीं है।
भिक्षा मांगने वाले बाबा से पूछताछ
ग्रामीणों ने पुलिस को बताया कि शनिवार दोपहर को बाबा के वेश में एक संदिग्ध व्यक्ति दिखाई दिया था। परिवार ने उसकी तलाश की लेकिन उसके बारे में कोई जानकारी नहीं मिल सकी। उस पर बच्ची के ले जाने का शक था। पुलिस ने उस बाबा से पूछताछ की। उससे भी बच्ची की कोई जानकारी नहीं मिल सकी। उसेे छोड़ दिया गया।
बच्ची घर के बाहर से खेलते हुए लापता हुई है। वह ननिहाल में रह रही थी। बच्ची की तलाश जारी है। जिस संदिग्ध व्यक्ति के गांव में आने की बात ग्रामीणों ने कही उससे भी पूछताछ की गई। कोई सुराग नहीं मिलने पर उसे छोड़ दिया गया। - नितीश गर्ग, सीओ सकीट