कासगंज रोड स्थित न्यू वर्मा बीज भंडार पर खाद लेते किसान। संवाद
- फोटो : अमर उजाला
एटा। जिले में किसानों को यूरिया खाद के लिए मारामारी करनी पड़ रही है। सहकारी समितियों पर किसानों की लंबी कतार लगी रहती है, लेकिन निजी दुकानदारों से किसान खाद नहीं ले रहे हैं। इसकी वजह है, निजी दुकानदार 270 रुपये वाली एक बोरी 350 से लेकर 380 रुपये तक में बेच रहे हैं।
थोक विक्रेता से लेकर निजी दुकानदार अधिक मुनाफे के चक्कर में किसानों को अधिक दाम पर खाद बेच रहे हैं। जबकि कृषि विभाग के सख्त निर्देश हैं कि निजी दुकानदार किसानों को निर्धारित 270 रुपये की एक बोरी बेच सकते हैं। इसके विपरीत जिले में किसानों को 350 रुपये से लेकर 380 रुपये तक की बोरी बेची जा रही है। मजबूरी में किसान सहकारी समिति पर उचित दाम में खाद मिलने की आस में पहुंचते हैं। वहां सुबह 6 बजे से कतार में भूखे-प्यासे लग जाते हैं और पांच-छह घंटे बाद खाद की एक बोरी नसीब होती है।
कासगंज रोड स्थित न्यू वर्मा बीज भंडार पर खाद लेते किसान। संवाद- फोटो : अमर उजाला