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Deoria News: जन्म प्रमाणपत्र और आधार बनवाने में छूट रहा पसीना

Thu, 30 Jan 2025 12:05 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, देवरिया
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देवरिया। अपार बनाने में लापरवाही को लेकर परिषदीय स्कूलों के 271 विद्यालयों के प्रधानाध्यापकों का वेतन रोक दिया गया है। इसे लेकर शिक्षक संगठनों में उबाल है। शिक्षकों का कहना है कि अपार आईडी के लिए आधार का होना अनिवार्य है और बिना ऑनलाइन जन्म प्रमाण पत्र के यह बन नहीं पा रहा है।
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ग्रामीण व नगरपालिका क्षेत्र में इसे बनवाने में काफी समय लग जा रहा है। ऐसे में बच्चों का आधार समय से नहीं बन पा रहा है। इसमें अध्यापक की कोई गलती नहीं है। प्रधानाध्यापकों को जबरन विभाग नोटिस व वेतन बाधित करने की कार्रवाई कर रहा है। परिषदीय स्कूलों के विद्यार्थियों की अपार आईडी बनवाने को लेकर शासन स्तर से लगातार प्रयास किया जा रहा है। जिले में भी इसे लेकर विभागीय लोग प्रयासरत हैं, हालांकि अपेक्षित सफलता नहीं मिल पा रही है। एक देश-एक छात्र योजना के तहत आधार की तर्ज पर अपार आईडी पर इस समय शिक्षा विभाग की ओर से सबसे ज्यादा जोर दिया जा रहा है। उद्देश्य है कि विद्यार्थियों को देश के किसी भी स्कूल में दाखिला लेने में कोई परेशानी न हो।

विशेष बात यह है कि इस आईडी को डीजी लॉकर से भी जोड़ा जाना है, ताकि विद्यार्थी अपने समस्त प्रमाण पत्र व अन्य शैक्षिक प्रमाण पत्र सुरक्षित रख सके। नवंबर 2024 में इसे अनिवार्य करते हुए इसे जल्द जनरेट करने के निर्देश शासन स्तर से दिए गए थे। हालांकि अभी जिले स्तर पर इसकी प्रगति 50 प्रतिशत से भी कम है। देवरिया सदर क्षेत्र के प्राथमिक विद्यालय सरौरा नंबर एक के प्रधानाध्यापक नरेंद्र मोहन सिंह ने बुधवार को बताया कि उनके यहां 110 बच्चों का नामांकन है। इसमें 75 का अपार आईडी के लिए प्रक्रिया पूर्ण कर ली गई है, जबकि 35 का आधार में खामियाें की वजह से रुका है। इसमें 10 बच्चों का तो आधार ही नहीं है। ऐसे में यह प्रक्रिया पूर्ण करने में दिक्कतें आ रही हैं।
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देवरिया सदर के बीईओ देवमुनि वर्मा बताते हैं कि विद्यालय स्तर से ही अपार आईडी जनरेट होनी है। बच्चे का आधार, यू-डायस पोर्टल पर उसकी जनरल प्रोफाइल, एजुकेशन प्रोफाइल का आधार से मैच होना जरुरी है। इसमें से एक भी अक्षर में अंतर हुआ तो आईडी जनरेट नहीं होगी। अधिकांश निजी विद्यालयों ने अपने यहां अध्ययनरत बच्चों का डाटा यू डायस पोर्टल पर नहीं अपडेट किया है। नगर व देवरिया सदर क्षेत्र के परिषदीय विद्यालयों में 80 प्रतिशत अपार आईडी का कार्य पूरा हो चुका है। जबकि मान्यता प्राप्त विद्यालयों में यह अधूरा है। इन्हें फोन करके इसके बारे में बताया भी जा रहा है।
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