होम्योपैथी अस्पताल में डॉक्टर के पास खड़े होकर इलाज को विवश मरीज
बघौचघाट। पथरदेवा विकासखंड के बघौचघाट कस्बा के पुरानी बाजार स्थित पंचायत भवन में किराए पर राजकीय होम्योपैथिक चिकित्सालय संचालित हो रहा है। इससे मरीज को असुविधा हो रही है। मरीजों के बैठने की कोई व्यवस्था नहीं है।
एक ही कमरे में डॉक्टर और दवा का वितरण होता है। अस्पताल के भवन के लिए भूमि आवंटित होने के बावजूद बजट के अभाव अब तक भवन का निर्माण नहीं हो सका है। जिससे मरीजों और चिकित्सक दोनों को कई तरह के परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
देवरिया जनपद के अंतिम छोर पर स्थित बघौचघाट होम्योपैथिक अस्पताल में बिहार के भी लोग इलाज कराने के लिए पहुंचते हैं। इसके अलावा कुशीनगर के मरीजों भी यहां पर आते हैं। इस अस्पताल के पास अपना खुद का भवन नहीं है। अस्पताल ग्राम सभा के पंचायत भवन में किराये पर चलता है।
इस भवन में मरीजों के लिए किसी तरह की सुविधा उपलब्ध नहीं है। इस अस्पताल के लिए ग्राम सभा से भूमि आवंटित की गई है। विभाग को रजिस्ट्री के कागज भी उपलब्ध करा दिया गया है, लेकिन बजट न होने की वजह से निर्माण कार्य शुरू नहीं हो सका।
राजकीय होम्योपैथिक अस्पताल बघौचघाट में तैनात चिकित्सक डॉ. अजीत कुमार ने बताया कि किराए के भवन में मरीजों का इलाज कर रहे हैं। मरीजों की संख्या निरंतर बढ़ रही है। अगर भवन बन जाता तो मरीजों को और सुविधा मिल जाती।