देवरिया। चलती ट्रेन में एनसीसी कैडेट्स से दुष्कर्म की कोशिश मामले में मुख्य आरोपी टीटीई अपने दोस्तों और भाइयों के सहारे पुलिस को खूब चकमा दे रहा है।
पुलिस विभाग के अंदर भी टीटीई के मुखबिर हैं। पुलिस जब उसके ठिकाने पर छापेमारी करने जाती है तो उससे पहले ही टीटीई वहां से फरार हो जाता है। पुलिस की किसी भी टीम के पास उसका लोकेशन नहीं मिल रहा है। सूत्रों के मुताबिक पुलिस के एनकाउंटर के डर से टीटीई भागता फिर रहा है। मुख्य आरोपी को संरक्षण देने वाले उसके एक भाई गणेश गुप्ता पुत्र सज्जन बसंत को पुलिस ने शनिवार को गिरफ्तार कर लिया था। वह पुलिस विभाग में दरोगा के पद पर तैनात है।
मऊ जनपद की एक एनसीसी कैडेट्स गाजीपुर से परीक्षा देकर गोरखपुर-अहमदाबाद एक्सप्रेस ट्रेन में जल्दीबाजी में बिना टिकट के एसी प्रथम श्रेणी के कोच में चढ़ गई। कुछ दूर आने के बाद ट्रेन में तैनात टीटीई राहुल कुमार, जो पटना के थाना बिहटा क्षेत्र का रहने वाला है, उसने लड़की को टिकट दिखाने को बोला। लड़की ने बताया कि वह परीक्षा देकर आ रही है।
जल्दी-जल्दी में वह टिकट नहीं ले पाई है। टीटीई उसे अकेले पाया तो कार्रवाई करने की धमकी देते हुए उसे टिकट बनवाने और सीट देने की बात की। लड़की बात मान गई।