देवरिया। फतेहपुर हत्याकांड में बृहस्पतिवार को बाल साक्षी प्रजेश उर्फ अनमोल दुबे की गवाही अपर सत्र न्यायाधीश संजय कुमार सिंह की अदालत में हुई। प्रजेश से बचाव पक्ष के अधिवक्ताओं ने अब तक 16 पेज का जिरह किया है। जिरह की अगली तारीख 13 जनवरी नियत की गई है।
बचाव पक्ष के अधिवक्ताओं द्वारा घटना की एक-एक बिंदु पर जिरह किया गया। जिस पर प्रजेश उर्फ अनमोल भावुक हो जा रहा था। जिससे बचाव पक्ष के अधिवक्ताओं को भी कठिनाई महसूस हो रही थी। बाल साक्षी से जब यह पूछा गया कि घटना के समय वह खाना खाया था कि नहीं तो उसने कहा कि अभी तो मेरे घर में खाना हीं नहीं बना था। घटना के दिन स्कूल क्यों नहीं गया। यह पूछे जाने पर उसने बताया कि परीक्षा होने के बाद घटना के दिन स्कूल बंद था। इसलिए स्कूल नहीं गया था।
घटना के समय वह क्या कर रहा था तो कहा कि अभी तो वह ब्रश करने जा रहा था। तब तक यह घटना हो गई। घटना के बाद वह बाइक से अपनी बड़ी बहन को लेने उसके ससुराल गया था। इस पर उसने यह कहा कि वह बाइक चलाना जानता ही नहीं है, ऐसे में जाने का कोई प्रश्न ही नहीं है। मैं तो अपनी दीदी की गला कटने के बाद ही लगी चोट के कारण बेहोश हो गया था।