संवाद न्यूज एजेंसी
गौरी बाजार। गौरी बाजार कस्बा स्थित एक चिट फंड कंपनी के संचालक इंद्रासन यादव ने अधिक लाभ कमाने का झांसा देकर उपभोक्ताओं की गाढ़ी कमाई हड़प ली और करी एक करोड़ रुपये लेकर भाग गया।
बुधवार की सुबह जब उपभोक्ता कंपनी के कार्यालय पहुंचे तो वहां ताला लटका देख उनके होश उड़ गए। आसपास के लोगों से पूछताछ की तो चला चला संचालक अपना मकार और कार्यालय बेचकर भाग गया है। इससे आक्रोशित पीड़ित थाने पहुंच गए और संचालक पर कार्रवाई की मांग की। पुलिस ने पीड़ितों को न्याय का भरोसा दिलाकर शांत कराया। पीड़ितों का आरोप है कि हाटा रोड निवासी इंद्रासन यादव ने कुछ माह पहले आस्था लाइफ रियलीटिज लिमिटेड नामक चिट फंड कंपनी की शुरुआत की थी। शुरुआत में कुछ लोगों को अधिक लाभ देकर संचालक ने भरोसा जीता।
इसके बाद अधिकतर ग्रामीण महिलाओं समेत अनेक लोगों ने अपनी गाढ़ी कमाई कंपनी में जमा कराई। धीरे-धीरे कंपनी का दायरा बढ़ गया तो संचालक ने मौजूदा कार्यालय बंद कर देवरिया-गोरखपुर मार्ग पर अपने आवास में खोल लिया।
बुधवार को जब लोग भुगतान के लिए कार्यालय पहुंचे तो वहां ताला लगा मिला। मोहल्लेवालों ने बताया कि संचालक कुछ दिन पहल मकान और कार्यालय बेचकर भाग गया। यह सुनते ही उपभोक्ता भड़क उठे और सामूहिक रूप से थाने पहुंचकर धोखाधड़ी और गबन की लिखित शिकायत की।
लोगों का कहना है कि कई और ग्रामीणों के रुपये भी फंसे है। सबसे बड़ी बात यह है कि जालसाज ने भोली-भाली महिलाओं को अधिक लाभ का झांसा देकर शिकार बनाया। इस संबंध में प्रभारी थानाध्यक्ष अखिलेश कुमार ने बताया कि कुछ पीड़ितों ने थाने में तहरीर दी है।
किसका कितना रुपया जमा था, इसकी जानकारी एकत्र की जा रही है। मामले की जांच की जा रही है और पीड़ितों को न्याय दिलाने का प्रयास किया जाएगा।