देवरिया। सोशल आडिट टीम के सदस्यों ने बकाया मानदेय नहीं देने को लेकर विकास भवन में प्रदर्शन किया। लोगों ने जिला विकास अधिकारी से मिलकर अपनी बात रखी और समस्याओं को दूर करने की मांग की। साथ ही चेतावनी दी कि यदि उनकी समस्याओं को दूर नहीं किया गया तो उनका आंदोलन शुरू हो जाएगा। ज्ञापन में कहा कि वह लोग सोशल आडिट टीम के चयनित सदस्य हैं।
केंद्र सरकार की गाइडलाइन के मुताबिक, राजपत्र 30 जून 2011 के अनुसार प्रतिवर्ष एक ग्राम पंचायत का सोशल आडिट दो बार किया जाना है। लेकिन सोशल आडिट निदेेशालय की ओर से सोशल आडिट का कलेंडर जानबूझकर जारी नहीं किया जाता है।
जिससे उनका चयन ही होकर रह जाता है। लोगों ने हर साल सेवा विस्तार करने, सोशल आडिट का कलेंडर जारी करने, निर्धारित मानदेय 500 रुपये को समाप्त कर नियमित मानदेय आदि मांगें शामिल हैं। इस मौके पर कृष्ण कन्हैया लाल, रियाज अहमद, चंदा पासवान, दिनेश कुमार, सुशीला देवी, रीमा देवी, संजय भारती, राम दुलारे, प्रदीप, अवनीश आदि मौजूद रहे।