बरहज। सरयू का जलस्तर दो दिन से थम गया है, जबकि राप्ती के जलस्तर में 12 घंटे में पांच सेमी की कमी आई है। हालांकि, अधिकारी नेपाल की त्रासदी से देवरिया में बाढ़ की आशंका से इन्कार कर रहे हैं।
सरयू का जलस्तर इस वर्ष खतरे के निशान 66.50 से एक मीटर पांच सेंटीमीटर ऊपर 67.55 मीटर पर बहने लगा था। अससे एक दर्जन से अधिक तटवर्ती गांवों में खलबली मच गई थी। विशुनपुर देवार के जरलहवा, स्कूलहिया, कत्लहवा, नई-पुरानी अनुसूचित बस्ती, बांके टोला, जवाहर टोला सहित एक दर्जन से अधिक मजरों तक सरयू नदी के बाढ़ का पानी पहुंच गया है। वहीं राप्ती के बाढ़ के पानी से चारो ओर से घिरा होने के कारण पिछले एक-डेढ़ माह से भदिला प्रथम गांव टॉपू बना हुआ है।
पिछले तीन दिनों से सरयू और राप्ती के जलस्तर में नरमी आई है। दोनों नदियां पीछे हटने लगी हैं। सरयू 66.85 मीटर पर स्थिर, जबकि राप्ती में पांच सेमी पीछे हटने के साथ 67.10 मीटर पर बहने लगी है। नदियाें के पीछे हटने से लोगों ने राहत महसूस किया है।