संवाद न्यूज एजेंसी
बरहज। सरयू पार दियारा क्षेत्र में निर्माणाधीन मोहन सेतु के दक्षिणी पाए से करीब तीन किमी तक नदी कटान कर रही है। इससे कृषि भूमि नदी में विलीन हो रही है। पीडब्ल्यूडी बांध पर भी खतरा मंडरा रहा है। कटान से परसियां-विशुनपुर देवार के ग्रामीणों में खलबली मची है।
सरयू नदी पिछले चार महीने से कटान कर रही है। इससे नदी दक्षिण की तरफ बहने लगी है। कटान के चलते सौ साल पुराना पीपल का पेड़ नदी में बह गया। जबकि सौ से अधिक एकड़ कृषि भूमि नदी में विलीन हो चुकी है। परसियां देवार के रमाशंकर यादव, संजय यादव, मंजनाथ, अशोक यादव, मोदी, ओमप्रकाश यादव, छोटेलाल आदि का कहना है कि पिछले चार महीनों से नदी तेजी से कटान कर रही है।
अधिकारियों के संज्ञान में लाने के बाद भी कोई पुरसाहाल नहीं निकल सका है। लोगों का यह भी कहना है कि नदी में हो रहे बेतहाशा कटान से मोहन सेतु के बनने वाले एप्रोच पर जहां संकट गहरा गया है। वहीं नदी तेजी से गांव का रुख कर रही है।
इससे पीडब्ल्यूडी बांध पर भी खतरा मंडरा रहा है। नदी में हो रहे कटान से मऊ जनपद का धरमपुर-विशुनपुर गांव कटान के मुहाने पर है। गांव का अस्तित्व खतरे में है।
एसडीएम विपिन कुमार द्विवेदी का कहना है कि नदी पार यदि कटान हो रहा है। इससे बाढ़ खंड विभाग को अवगत कराकर कटानरोधी कार्य कराया जाएगा।द