पडरौना। बिहार सीमा से सटे गांवों में अवैध शराब के धंधेबाजों पर शिकंजा कसने के लिए पुलिस और आबकारी विभाग की संयुक्त टीम ने शनिवार को ताबड़तोड़ दबिश दी। मुख्यमंत्री के निर्देश के बाद जिले में चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत सीमावर्ती इलाकों में लगातार छापे की कार्रवाई की जा रही है। कार्रवाई से कच्ची शराब बनाने और बिहार भेजने के लिए शराब डंप करने वालों में हड़कंप मचा है।
सूत्रों की माने तो सीएम का आदेश आने के बाद टीम सक्रिय हुई है, लेकिन शराब तस्कर बड़े पैमाने पर करीब 10 दिन पहले ही शराब की खेप पहुंचा दिए हैं और सीमा क्षेत्र की शराब दुकानों से प्रतिमाह मिलने वाले लक्ष्य से अधिक बिक्री भी हुई है। एसपी केशव कुमार के निर्देश पर सीओ और आबकारी टीम संयुक्त रूप से अवैध तरीके से गांवों में बनने वाली कच्ची शराब पर अंकुश लगाने के लिए कार्रवाई शुरू की गई है। होली पर्व पर अवैध शराब की होने वाली बिक्री बढ़ जाती है। वहीं बिहार में शराब बंदी के कारण इसकी मांग सामान्य दिनों में भी रहती है, लेकिन होली पर बिक्री बढ़ जाती है। हालांकि पुलिस की ओर से करीब एक माह से शराब तस्करी पर रोक लगाने के लिए घेराबंदी अभियान चलाया जा रहा है। पुलिस ने बीच में शराब की बड़ी खेप भी बरामद की थी। शराब तस्कर नए-नए तरीके से पुलिस की आंखों में धूल झोंककर बिहार में शराब की खेप आसानी से पहुंचा दे रहे हैं, मुखबिरों की सूचना पर पुलिस पिछले महीने में गन्ने के बीच, गुड़ के गत्ते और अंडे के गत्ते और सामानों के बीच छिपाकर बिहार भेजी जा रही शराब की खेप बरामद किया बावजूद शराब तस्कर अपनी आदत से बाज नहीं आ रहे हैं। सीएम के आदेश के बाद पुलिस और आबकारी विभाग की टीम संयुक्त रूप से तराया सुजान, तमकुहीराज, बरवा पट्टी, खड्डा, हनुमानगंज, जटहा बाजार, विशुनपुरा थाना क्षेत्र के सीमावर्ती गांवों में छापेमारी कर रही है। इन गांव में आने-जाने वालों की गतिविधियों पर भी नजर रखी जा रही है। रविवार को भी जिले में यह अभियान चला,तस्कर तो हाथ नहीं लगे, लेकिन अवैध कच्ची शराब के धंधेबाजों के ठिकानों पर छापेमारी कर शराब बरामद किया। सीमावर्ती गांवों में संदिग्ध ठिकानों, खाली पड़े मकानों और खेत-खलिहानों की तलाशी ली। कई स्थानों पर भट्ठियों को नष्ट किया गया और बड़ी मात्रा में लहन नष्ट कर दिए गए। हालांकि, टीम के पहुंचने से पहले कई लोग मौके से फरार हो गए। एएसपी सिद्धार्थ वर्मा ने बताया कि बिहार में पूर्ण शराबबंदी लागू होने के कारण सीमा पार तस्करी की आशंका बनी रहती है। इसे देखते हुए जिले में सघन चेकिंग अभियान चलाया जा रहा है। आने-जाने वाले वाहनों की जांच के साथ ही संदिग्ध व्यक्तियों पर नजर रखी जा रही है।