देवरिया। जिला अस्पताल में बृहस्पतिवार को अंतर्राष्ट्रीय नर्सेज डे मनाया गया। इस दौरान स्वास्थ्य सेवाओं में नर्सेज की भूमिका की सराहना की।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए संघ के प्रदेश उपाध्यक्ष राजेंद्र शुक्ल ने कहा कि दुनिया की पहली नर्स फ्लोरेंस नाइटेंगल का जन्म 12 मई 1820 को हुआ था। इसलिए इस दिन को अंतर्राष्ट्रीय नर्सेज डे के रूप में मनाया जाता है।
प्रदेश में नर्सेज की कमी है। सीमित संसाधनों में नर्स अच्छा कार्य कर रही हैं। उन्होंने सरकार से अनुरोध किया कि वे नर्सेज की भर्ती करें। मुख्य अतिथि मुख्य चिकित्सा अधीक्षक डॉ. पूर्णमासी कन्नौजिया ने कहा कि मरीजों के प्रति नर्सेज की सेवाएं अति सराहनीय हैं।
नर्सेज को अति उत्साह से कार्य करना चाहिए, जिससे कि इस दिवस की महत्ता सार्थक हो सके। विशिष्ट अतिथि के रूप में मैट्रन रीता दयाल, सुशीला देवी और सुशीला यादव मौजूद रहीं। इससे पूर्व सीएमएस ने दीप जलाकर कार्यक्रम की शुरूआत की।
संचालन संघ के जिलाध्यक्ष नवनाथ प्रसाद ने किया। इस अवसर पर कमलेश सिंह, सलेहा खातून, उर्मिला सिंह, शांता, सरिता चौहान, गायत्री देवी, स्नेहलता, श्यामलली राय, शारदा देवी, बीना राव, ग्रेनिका भारती, विद्योतमा आदि मौजूद रहीं।