नाबालिग भाइयों व बहन ने की थी संविदा कर्मचारी अरविंद की हत्या
देवरिया। बिजली निगम के संविदा कर्मचारी बरियारपुर थाना क्षेत्र सरैया गांव निवासी अरविंद यादव की हत्या के पर्दाफाश का ब्लूप्रिंट पुलिस तैयार कर चुकी है। पुलिस सूत्रों की मानें तो हिरासत में लिए गए मृतक के दो छोटे भाई, और पड़ोस के युवक ने हत्या का राज उगल दिया है। इसमें बहन की भूमिका भी संदिग्ध है। पुलिस को सीसीटीवी कैमरे से सच सामने लाने में कामयाबी मिली है।
सरैया गांव निवासी अरविंद यादव 27 जुलाई को घर से हाटा के लिए निकला था। 28 जुलाई उसका शव अहिल्यापुर-मुंडेरा गांव के मार्ग पर बोरे में मिला था। अरविंद की बाइक, पर्स और मोबाइल फोन गायब थे। शुक्रवार को पुलिस ने शहर स्थित मकान से गांव को जाने वाले रास्ते पर स्थित टेक्निकल कालेज के पास लावारिस हाल में बाइक बरामद की थी। शनिवार दोपहर में पुलिस ने अरविंद के दोनों छोटे भाइयों, बहन और शहर के मकान के सामने रहने वाले युवक को हिरासत में लिया। पुलिस को साकेत नगर स्थित एक दुकान के सीसीटीवी कैमरे से क्लू मिला था। चर्चा है कि पुलिस ने जब दोनों भाइयों से पूछताछ की घटना सच सामने आ गया। आरोपियों ने बताया कि बड़ा भाई अरविंद आए दिन परिवार में किसी न किसी को मारता-पीटता था और जान से मारने की धमकी देता। घटना के दिन जब गांव से आया तो रोटी खराब बताकर मां को भी पीट दिया था। शाम चार बजे के करीब अरविंद जब साकेत नगर वाले मकान पर पहुंचा तो मारपीट करने लगा। कमरे में रखे लोहे की रॉड से उसके सिर पर वार से उसकी मौत हो गई। पुलिस के सामने जुर्म कबूल करते ही आरोपी अचेत होकर गिर गए। पुलिस ने अस्पताल में भर्ती कराया। हालत में सुधार होने पर थाने लेकर चली गई। पुलिस ने मृतक का गायब मोबाइल फोन और पर्स को बरामद करने में जुटी हुई है। रविवार को सीओ सलेमपुर, एसओजी, एसओ ने आरोपियों से पूछताछ की।
हत्या के बाद बाइक से ले जाकर फेंका था शव
देवरिया। पुलिस सूत्रों के अनुसार, हत्या के बाद दोनों भाइयों ने दो बाइक से कुछ दिन पहले खरीदे गए पॉलिथीन में शव को लपेट कर बोरे में कस दिया। इसके बाद बाइक से शव ले जाकर अहिल्यापुर गांव के पास झाड़ी में फेंक दिया। लौटते समय अरविंद की बाइक को तिलई बेलवा गांव के पास निजी टेक्निकल कालेज के पास खड़ी कर चले गए।
सीसीटीवी से हुआ खुलासा
शहर के साकेत नगर मोहल्ला स्थित मकान पर अरविंद की हत्या का राज खोलने में सीसीटीवी पुलिस के लिए वरदान साबित हुआ। घर के सामने लगे सीसीटीवी के फुटेज को हिरासत में लिए गए पड़ोसी युवक ने डिलिट कर दिया था लेकिन किराने की दुकान में लगे सीसीटीवी कैमरे में बाइक से अरविंद घर जाता दिख रहा था। करीब एक घंटे बाद उसकी बाइक से बोरे में शव ले जाते दोनों आरोपी दिखे हैं। इससे पुलिस कातिल पहुंचने में कामयाब हो गई।
पड़ोस के घर से लाए थे लोहे की रॉड, हत्या के बाद बहन ने साध ली थी चुप्पी
देवरिया। साकेत नगर मोहल्ले में रह कर पढ़ाई करने वाली बहन को पता चला कि अरविंद की हत्या हो गई है तो उसने चुप्पी साध ली। बगल के घर में जा कर छिप गई। जबकि आरोपी भाई दूसरे दिन शव के पास पहुंच कर रोने लगा। पुलिस को आरोपियों ने बताया कि एक माह पहले से ही हत्या की योजना बना ली थी। पड़ोस के युवक के घर से रॉड लाकर रख लिया था।
पुलिस हत्याकांड के खुलासे के बहुत नजदीक पहुंच चुकी है। इसमें शामिल सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है। कानूनी कार्रवाई की जा रही है। शीघ्र ही घटना का पर्दाफाश कर दिया जाएगा। पकड़े गए आरोपियों के बारे में जानकारी जुटाने के बाद ही जेल भेजा जाएगा। इसकी भी जांच की जा रही है कि कोई और तो शामिल नहीं है। -डॉ. श्रीपति मिश्र, एसपी