देवरिया/खुखुंदू। छपरा-गोरखपुर इंटरसिटी एक्सप्रेस (15105) मंगलवार की सुबह करीब 8:19 बजे जैसे ही नूनखार रेलवे स्टेशन से आगे बढ़ी, तभी उसका कपलिंग टूट गया और इंजन से बोगियां अलग हो गईं। इससे बोगी में मौजूद यात्रियों में अफरातफरी मच गई। यात्री चीखने- चिल्लाने लगे। करीब 20 मिनट तक ट्रेन रुकी रही। गेटमैन की सूचना पर 770 मीटर की दूरी तय करने के बाद चालक ने ब्रेक लगाया। रेलकर्मियों ने इंजन से बोगी को जोड़कर ट्रेन को गोरखपुर के लिए रवाना कराया। इसके बाद यात्रियों ने राहत की सांस ली। रेलकर्मियों का कहना है कि यदि ट्रेन की रफ्तार अधिक होती तो बड़ा हादसा हो सकता था।
जानकारी के अनुसार, छपरा-गोरखपुर इंटरसिटी एक्सप्रेस छपरा से चलकर नौतनवा तक जाती है। मंगलवार की सुबह इंटरसिटी ट्रेन निर्धारित समय 8:18 बजे नूनखार रेलवे स्टेशन पर पहुंची। यहां एक मिनट ठहराव के बाद ट्रेन 8:19 बजे रवाना हुई। इसी बीच कपलिंग टूटने से इंजन से बोगियां अलग हो गईं और चालक इंजन लेकर पश्चिमी क्राॅसिंग 122 सी तक पहुंच गया। गेट मैन राजकुमार ने इसकी सूचना स्टेशन अधीक्षक मुन्ना कुमार यादव को दी।
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इसके बाद चालक को सूचना दी गई। चालक ने इंजन को रोक दिया। फिर बोगियों को जोड़कर सुबह करीब 8:40 बजे नूनखार से ट्रेन रवाना कराई गई। बताया जा रहा है कि ट्रेन में 18 बोगियां जुड़ीं थीं। सभी बोगियों में यात्री खचाखच भरे हुए थे। इंजन बोगियों से अलग होने के दौरान यात्री डर गए थे। बहुत सारे यात्री तो नूनखार रेलवे स्टेशन से ही उतरकर प्राइवेट वाहनों से चलते बने।
ट्रेन चली जाने के बाद भी मौके पर आसपास के ग्रामीणों का आना-जाना लगा रहा। स्टेशन अधीक्षक मुन्ना कुमार यादव ने बताया कि इंजन का कपलिंग खुल जाने से इंजन अलग हो गया था। इसके चलते 20 मिनट तक ट्रेन रुकी रही। बाद में इंजन से बोगियों को जोड़कर रवाना किया गया।