देवरिया। मोबाइल दुकानदार राहुल चौरसिया को गोली मारने के आरोप में पुलिस ने पांच आरोपियों को शुक्रवार को गिरफ्तार कर लिया। बाद में न्यायालय में पेश किया। जहां से जेल भेज दिया गया। अन्य की तलाश कर रही है।
उधर, घायल राहुल का इलाज गोरखपुर मेडिकल कॉलेज चल रहा है। शहर में लंगड़ी देवरिया के मंगली टोला निवासी राहुल चौरसिया (29) पुत्र विजय चौरसिया चटनी गढ़ही चौराहे पर मोबाइल की दुकान चलाता है। बुधवार की शाम करीब 6.30 बजे अपनी मोबाइल की दुकान पर बैठकर काम कर रहा था। इस बीच बाइक सवार दो युवक आए और मोबाइल रिपेयर कराए। इसके बाद रिपेयरिंग 1100 रुपये मांगने पर कहासुनी करने लगे।
बिना रिपेयरिंग चार्ज लिए राहुल ने मोबाइल देने से मना कर दिया। इससे नाराज एक युवक ने तमंचा से मोबाइल दुकानदार पर फायर कर दिया। गोली दुकानदार के बाईं कलाई में लगने के बाद पेट में जा घुसी। गोली मारने के बाद बदमाश भाग निकले। शोर सुनकर आसपास के लोग मौके पर पहुंचे और पुलिस को सूचना दी। एंबुलेंस से घायल को मेडिकल कॉलेज की इमरजेंसी वार्ड में पहुंचाया गया।
सीओ सदर संजय रेड्डी और कोतवाल विनोद कुमार सिंह ने घायल से पूछताछ कर घटना की जानकारी लेने के बाद इलाज की व्यवस्था ठीक रखने को कहा था। प्राथमिक उपचार के बाद डॉक्टर ने उसकी हालत गंभीर देख बीआरडी मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया, जहां इलाज चल रहा है।
घायल दुकानदार के छोटे भाई पंकज चौरसिया पुत्र विजय चौरसिया की तहरीर पर पुलिस ने रामनाथ देवरिया निवासी और निहाल सिंह हत्याकांड के आरोपी आशीष पांडेय, बृजेश गोस्वामी, अमन गिरी, आलोक राजभर, सज्जाद अंसारी और तीन अज्ञात के खिलाफ हत्या के प्रयास समेत कई गंभीर धाराओं में केस दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी।
विवेचना के के दौरान कोतवाली क्षेत्र के रामनाथ देवरिया गांव निवासी अर्पित तिवारी पुत्र प्रमोद तिवारी, सलेमपुर कोतवाली क्षेत्र के टीचर्स कॉलोनी वार्ड निवासी कार्तिक पांडेय उर्फ अथर्व पांडेय पुत्र वीरेंद्र पांडेय का नाम प्रकाश में आया।
शुक्रवार को मुखबिर की सूचना पर पुलिस ने बेलडाड़ रोड परसिया अहीर चौराहे के पास से रामनाथ देवरिया निवासी मुख्य आरोपी आशीष पांडेय, सज्जाद अंसारी, अर्पित तिवारी, टीचर कॉलोनी सलेमपुर निवासी कार्तिक पांडेय और बेलाडाड़ थाना गगहा जनपद गोरखपुर निवासी बृजेश गोस्वामी को एक कार के साथ गिरफ्तार कर लिया।
तलाशी के दौरान बृजेश गोस्वामी के पास से एक अवैध तमंचा व कारतूस बरामद हुआ। इसके बाद पुलिस ने बृजेश पर आर्म्स एक्ट के तहत केस दर्ज कर सभी बदमाशों को न्यायालय के समक्ष पेश किया जहां से जेल भेज दिया गया।
वहीं फरार चल रहे अन्य बदमाशों की तलाश में पुलिस और एसओजी टीम जुटी हुई है।