देवरिया। सदर कोतवाली क्षेत्र के पुरवा में कार्यरत मार्केटिंग कंपनी से जुड़े युवक, युवतियों ने रविवार की वेतन नहीं मिलने का आरोप लगाते हुए डीएम आवास पर प्रदर्शन किया। बिहार के अलग-अलग जिलों के करीब 40 की संख्या में युवक और युवतियां पिछले कुछ माह से काम कर रहे थे। मौके पर पहुंचे सदर तहसीलदार केके मिश्रा ने कंपनी के संचालक से वार्ता कर उनका भुगतान कराया, इसके बाद वह सभी वापस चले गए।
सदर कोतवाली क्षेत्र के पुरवा मोहल्ले में मां लक्ष्मी एसोसिएट नाम से एक मार्केटिंग कंपनी है। इसके संचालक बिहार के रहने वाले हैं। वह बिहार के सिवान, छपरा, गोपालगंज, महाराजगंज, सोनपुर समेत अन्य जिलों के 40 से अधिक युवक युवतियों को अपने कंपनी में रखकर मार्केटिंग का काम करते थे। पिछले कुछ माह से कंपनी संचालक कर्मचारियों को वेतन नहीं दे रहे थे।
जिसे लेकर कई बार कर्मचारियों और संचालक से कहा सुनी हो गई। वेतन की मांग को लेकर रविवार को कर्मचारियों से विवाद हुआ तो संचालक ने उन्हें कंपनी से बाहर कर दिया। वेतन की मांग को लेकर कर्मचारी शाम को कंपनी से अपना सामान और बैग लेकर डीएम आवास पर पहुंचे। डीएम कार्यालय पर वह प्रदर्शन कर वेतन भुगतान की मांग करने लगे।
इसके बाद डीएम आवास पर तैनात कर्मचारियों ने इसकी सूचना अधिकारियों को दी। मौके पर पहुंचे तहसीलदार ने युवक-युवतियों की समस्याओं को सुना। इसी बीच कोतवाल भी मौके पहुंचे और प्रदर्शन कर रहे युवक युवतियों को अपने साथ लेकर कंपनी के कार्यालय पहुंचे, जहां पर संचालक से उनके वेतन पर चर्चा की। तहसीलदार ने संचालक से युवक की युवतियों का भुगतान कराया।
इसके बाद वह अपने गांव बिहार के लिए अपने घर के लिए रवाना हो गए।कोतवाली के प्रभारी निरीक्षक दुर्गेश कुमार सिंह ने बताया कि पूर्व मोहल्ले में एक कंपनी में काम करने वाले कर्मचारी वेतन रोके जाने के विरोध में हंगामा कर रहे थे। संचालक से वार्ता कर उनका वेतन भुगतान कर दिया गया, जिससे वह अपने घर चले गए।