बारिश में बह गया आरईडी का 1.36 करोड़
पीएमजीएसवाई की सड़कों के गड्ढे, फिर हुए जस की तस
31 सड़कों पर कराया गया था काम, हादसे के शिकार हो रहे लोग
अमर उजाला ब्यूरो
देवरिया। इसे गुणवत्ता की कमी मानें या बारिश का कहर। जिन सड़कों को एक माह पूर्व करोड़ों रुपये खपाकर ग्रामीण अभियंत्रण विभाग (आरईडी) ने गड्ढ़ामुक्त किया था, वह फिर से परेशानी का सबब बन गई हैं। जो भी पैच बने थे सब उखड़ गए। गड्ढ़े जानलेवा हो गए हैं तो वहीं मार्ग पर बिखरी गिट्टियां दुर्घटना का कारण बन रही हैं। करोड़ों का काम पानी में बह जाने के बाद विभाग गड्ढ़ों में मिट्टी डालकर कोरमपूर्ति में जुटा है।
प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के तहत जिले में कुल 31 सड़कें अनुरक्षण की अवधि में हैं। निर्माण से पांच साल तक इन्हें ठीक रखने के लिए आरईडी हर साल प्रत्येक किमी के हिसाब से 56 हजार रुपये कार्यदाई संस्थाओं को भुगतान करता है। बरसात से पूर्व करीब 1.36 करोड़ की लागत से अनुरक्षण अवधि में शामिल सड़कों पर पैच कार्य कराया गया। बारिश शुरू होते ही पैच उखड़ने लगे। कई जगह पानी के तेज बहाव के चलते सड़कें टूट चुकी हैं। गिट्टियां बिखरी होने से बाइक सवार फिसल कर गिर रहे हैं।
कमिश्नर की सख्ती बेअसर
बुधवार को मंडल विकास कार्यों की समीक्षा बैठक में सड़कों की बदहाली को लेकर कमिश्नर ने नाराजगी जताई थी। उन्होंने संबंधित विभाग के अधिकारियों को गड्ढ़ा युक्त हो चुकी सड़कों को तुरंत ठीक कराने का निर्देश दिया था। बावजूद इसके तमाम सड़कों को उनके हाल पर छोड़ दिया गया है। बरसात के बाद पानी से भरे गड्ढ़ों में राहगीर चकमा खाकर गिर रहे हैं।
सात दिन तक हुई मूसलाधार बारिश के कारण पानी सड़कों के ऊपर से बह रहा था। इस दौरान हम लोगों ने कई सड़कों का मुआयना किया। कुछ सड़कों पर कटान भी हो गया है। सड़कों की मरम्मत का काम चल रहा है।
- डीएन राय, एक्सईएन आरईडी