मईल के नरियांव में रोते विखते परिजन
- फोटो : अमर उजाला
मईल। पौत्र की शादी कराकर घर लौट रहे दादा की सड़क हादसे में मौत हो गई। हादसे में दूल्हे के भाई समेत दो युवक गंभीर रुप से जख्मी भी हुए हैं। दुल्हन की विदाई के बाद तीनों एक बाइक से घर की ओर जा रहे थे। रास्ते में उनकी बाइक विद्युत के पोल से टकरा गई। घटना मईल के जनता जूनियर हाईस्कूल के पास की है। हादसे के बाद शादी की खुशियां मातम में बदल गई है।
मईल थानाक्षेत्र के नरियांव गांव निवासी नंदकुमार (22) पुत्र स्व. वीरेंद्र यादव की बारात सोमवार की रात बरहज के बढौना गांव में गई थी। शादी की सभी रस्में दादा बुंदेला यादव की देखरेख में ही निभाई गई। भोर में दुल्हन की विदाई कराने के बाद वह छोटे पौत्र नंदजी (18) व गांव के ही दिवाकर चतुर्वेदी (20) के साथ बाइक से घर के लिए निकले। बाइक नंदजी चला रहा था। मईल के जनता जूनियर हाईस्कूल के पास सड़क किनारे लगे विद्युत के पोल से उनकी बाइक टकरा गई। हादसे में मौके पर ही बुंदेला यादव की मौत हो गई। नंदजी और दिवाकर गंभीर रुप से जख्मी हो गए। आसपास के लोगों ने घटना की सूचना घरवालों को देते हुए घायलों को जिला अस्पताल पहुंचाया। यहां प्रारंभिक उपचार के बाद हालत गंभीर देख डॉक्टरों ने नंदजी को गोरखपुर रेफर कर दिया। बाइक सवार किसी ने भी हेलमेट नहीं पहन रखा था।
आधे रास्ते से ही लौट गई दुल्हन
नंदकुमार के शादी को लेकर सबसे ज्यादा खुशी दादा बुंदेला यादव को ही थी। बेटे की मौत के बाद से उसके परिवार की वही देखभाल कर रहे थे। परिवार का मुखिया होने के नाते भी वह उत्साहित थे। विवाह की हर रस्म को उन्होंने अपनी देखरेख में संपन्न कराया। भोर में वह करीब साढ़े चार बजे दुल्हन की विदाई के बाद बाइक से छोटे पौत्र के साथ घर की ओर चले गए, ताकि दुल्हन के पहुंचने से पहले वह पहुंच जाएं। मगर उन्हें क्या पता कि उनकी मौत उनसे भी आगे चल रही है। हादसे की खबर जैसे ही गांव पहुंची, शादी की खुशियां मातम में बदल गई। मंगल गीतों की जगह कारुणिक चीख-पुकार गूंजने लगी। बाद में किसी अन्य शुभ मुहूर्त में विदाई की बात कह दुल्हन को भी आधे रास्ते से ही लौटा दिया गया।