संवाद न्यूज एजेंसी
देवरिया। तापमान बढ़ने के साथ ही लोगों के स्वास्थ्य पर असर पड़ रहा है। गर्मी में अचानक शीतल पेय पदार्थ और पानी पीने से लोगों को गले में समस्या हो जा रही है। बुखार के साथ थूक, पानी, खाना निगलने, खराश की दिक्कत हो रही है।
मेडिकल कॉलेज में इस बीमारी से पीड़ित मरीजों की संख्या में इजाफा हुआ है। रोजाना 25 से 30 मरीज इलाज कराने पहुंच रहे हैं। डॉक्टर दवा देने के साथ ही सावधानी बरतने की सलाह दे रहे हैं। मरीज को ठीक होने में करीब चार से एक सप्ताह का समय लग रहा है।
मौसम बदला है। इन दिनों गर्मी से लोग बेहाल हैं। पारा 43 डिग्री सेल्सियस से अधिक हो जा रहा है। तापमान बढ़ने से सेहत बिगड़ रही है। इस मौसम में बैक्टीरिया और वायरस ग्रोथ करते हैं। ऐसे में सतर्क रहने की जरूरत है। थोड़ी सी लापरवाही भारी पड़ रही है। गर्मी में अचानक फ्रीज का ठंड पानी, शीतल पेय पदार्थ पीने और आइस्क्रीम खाने से लोगों को गले में दिक्कत हो रही है। बच्चे टाइंटलाइसिस तो बड़े टाइलोपैरिंजाइटिस से पीड़ित हो रहे हैं। गले में दर्द, बुखार, आवाज बैठ जाने, निगलने में समस्या से लोग पीड़ित हो रहे हैं। मेडिकल कॉलेज में इस तरह के मरीजाें की संख्या बढ़ गई है। मेडिकल कॉलेज के ईएनटी विभाग में 25 से 30 मरीज हर रोज आ रहे हैं।इसमें करीब दस बच्चों और पंद्रह से बीस बड़े होते हैं।