नगर स्वर्णकार संघ के आह्वान पर स्वर्णकारों ने एक्साइज ड्यूूटी के विरोध में दूसरे दिन भी दुकानें बंद रखीं।
संघ ने वित्तमंत्री अरुण जेटली की प्रतीकात्मक शवयात्रा निकाली और सुभाष चौक पहुंचकर उनका पुतला जलाया। मांगे पूरी न होने तक हड़ताल की चेतावनी दी गई।
स्वर्णकार संघ और सराफा मंडल के लोगों ने अपनी दुकानें दूसरे दिन भी बंद रखीं और कैंप कार्यालय में बैठक की।
इस मौके पर सराफा मंडल के अध्यक्ष शंखपाल सर्राफ ने कहा कि व्यवसायियों के लिए एक्साइज ड्यूटी काला कानून है। इससे देश में इंस्पेक्टर राज आ जाएगा। व्यवसायियों का उत्पीड़न होने लगेगा।
स्वर्णकार संघ के अध्यक्ष रमेेश वर्मा ने कहा कि इस कानून के खिलाफ आंदोलन चलता रहेेगा। मंत्री राजू वर्मा ने कहा कि अब एकजुट होकर संघर्ष करने का वक्त आ गया है।
सराफा मंडल के मंत्री उमाशंकर वर्मा ने कहा कि सभी स्वर्ण व्यवसायी इसका विरोध कर रहे हैं। शिवजी सर्राफ ने कहा कि वर्ष 2012 में भी इस कानून को लागू करने का प्रयास किया गया था।
लेकिन तब 28 दिन तक दुकान बंद कर के व्यापारियों ने इसे वापस कराया। इस अवसर पर नीरज वर्मा, निर्भय सर्राफ, वासुदेव वर्मा, रोशन, पप्पू, नितिन बरनवाल, पुच्ची, प्रह्लाद, दीपक सत्संगी, संजू सोनी, बच्चा, संजू सोनी आदि मौजूद रहे।