तरकुलवा। देवरिया-कसया मार्ग पर सिरवानिया पेट्रोल पंप के सामने शनिवार को सड़क हादसे में रतनपुरा गांव निवासी सेना के जवान रामप्रताप यादव की मौत हो गई थी।
रविवार की शाम को छोटी गंडक नदी के पटनवा पुल स्थित श्मशान घाट पर सैन्य सम्मान के साथ उनको अंतिम विदाई दी गई। एनसीसी बटालियन देवरिया के नायब सूबेदार कमलजीत सिंह, हवलदार शान सिंह, हवलदार शुभम थापा व एनसीसी के कैडेट्स ने ताबूत में रखे जवान के शव को गार्ड ऑफ ऑनर दिया। बड़े बेटे आयुष ने कांपते हाथों से पिता के शव को मुखाग्नि दी।
इस मौके पर जवान राम प्रताप यादव जिंदाबाद, भारत माता की जय व वंदे मातरम् के नारों से समूचा वातावरण गूंज उठा।
थाना क्षेत्र के ग्राम रतनपुरा निवासी लालसा यादव के इकलौते बेटे राम प्रताप यादव (32) सेना के 11 सिग्नल रेजिमेंट में नायक क्लर्क के पद पर जैसलमेर राजस्थान में तैनात थे। वे 22 फरवरी को छुट्टी लेकर घर आए थे। 28 फरवरी को सुबह 10 बजे के करीब बाइक से कंचनपुर की ओर जा रहे थे। सरवनिया पेट्रोल पंप के पास सामने से आ रही एक बाइक से भिड़ंत हो गई, जिससे वे गंभीर रूप से घायल हो गए। गोरखपुर मेडिकल कॉलेज ले जाते समय रास्ते में ही उनकी मौत हो गई।
पोस्टमार्टम के बाद रविवार को एनसीसी बटालियन के जवानों की देखरेख में सेना के वाहन से शाम चार बजे जब सैनिक रामप्रताप का पार्थिव शरीर उनके गांव पहुंचा तो परिजनों की चीख-पुकार से चारों तरफ मातम छा गया। पिता लालसा यादव, माता राजेश्वरी देवी, पत्नी सीमा, बेटे आयुष व राज, बहन मुन्नी, रामपुर कारखाना की पूर्व विधायक गजाला लारी, सपा प्रवक्ता मनीष सिंह, एसआई अली अब्बास जैदी सहित अन्य लोगों ने सेना के जवान रामप्रताप को श्रद्धासुमन अर्पित कर श्रद्धांजलि दी।
इस दौरान फौजी हातिम ताई, राजन मणि त्रिपाठी, हरिकेश सिंह, सूरज यादव, रामधनी यादव, भयंकर पहलवान सहित हजारों की संख्या में लोग मौजूद रहे।