बरहज। पटेल नगर स्थित प्राचीन मंदिर परिसर से पुरानी संगत उदासीन संप्रदाय ने परंपरा के अनुसार शरद पूर्णिमा पर भव्य शोभा यात्रा निकाली। यात्रा में चल रहे घोड़े और देवी-देवताओं की झांकियां आकर्षण का केंद्र रहीं। दर्शन के लिए लोगों की भीड़ उमड़ पड़ी। जगह-जगह लोगों ने फूलों वर्षा कर शोभायात्रा का स्वागत किए।
गुरुवार को मंदिर परिसर में स्थित आरडी एकेडमी के छात्र भारत माता, लक्ष्मी, सरस्वती, मां काली, मां दुर्गा और हनुमान आदि झांकी के रूप में सजे हुए थे। शोभा यात्रा में परंपरा के अनुसार महंत परमेश्वर दास ने वैदिक मंत्रों के बीच पूजा कर रवाना किया। शोभायात्रा में महिला-पुरुष, युवा भजन-कीर्तन और जयघोष करते हुए चल रहे थे। सीएचसी के रास्ते नगर के मुख्य चौक होते हुए आश्रम द्वार से पुन: मंदिर परिसर पहुंची। इस दौरान पूर्व नगरपालिका अध्यक्ष वीरेंद्र गुप्ता, जितेंद्र भारत, रामलक्ष्मण, डॉ. परमानंद, अमरेश मणि त्रिपाठी, नवाब हुसैन, अशोक, आलमगीर आदि मौजूद रहे।
दिखी गंगा-जमुनी तहजीब
शरद पूर्णिमा पर पुरानी संगत उदासीन संप्रदाय की ओर से वर्षों से परंपरागत शोभा यात्रा निकाली जाती है। इस यात्रा में हिंदू-मुसलमान दोनों हिस्सा लेते हैं। नवाब हुसैन ने बताया कि हर साल निकाली जाने वाली शोभायात्रा में देवी-देवताओं आदि की झांकियां रहती हैं, लेकिन बिना भेदभाव के पूर्वज दादा मजीबुल्लाह, अनवर अली आदि सहयोग करते आ रहे हैं।