एक वैवाहिक समारोह में शामिल होने के लिए बुधवार को इलाहाबाद पहुंचे मुख्यमंत्री के सामने उनकी पार्टी के कार्यकर्ताओं ने फजीहत कर दी। पुलिस लाइन स्थित हेलीपैड पर मुख्यमंत्री को चेहरा दिखाने की होड़ में सपा कार्यकर्ताओं ने जमकर हंगामा किया। सपा कार्यकर्ता पुलिस का सुरक्षा घेरा तोड़कर हेलीपैड तक पहुंच गए।
कार्यकर्ताओं द्वारा अखिलेश को छूने की होड़ में अफरातफरी मच गई। मुख्यमंत्री की सुरक्षा में लगे सुरक्षाकर्मियों से भी कार्यकर्ताओं की धक्कामुक्की हुई। कार्यकर्ताओं की इस हरकत पर मुख्यमंत्री भड़क गए और वहां एक मिनट भी रुके बिना कार में बैठकर सीधे एलनगंज रवाना हो गए।
सीएम के साथ सपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता राजेंद्र चौधरी भी मौजूद थे। इस बीच पुलिस ने वहां मौजूद कार्यकर्ताओं को धक्का देकर पुलिस लाइन के बाहर किया।
सुरक्षा घेरा तोड़ पहुंचे सीएम के करीब
मुख्यमंत्री अखिलेश यादव के आगमन की सूचना मिलते ही पार्टी के तमाम विधायक, पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता सुबह ही पुलिस लाइंस पहुंच गए। सीएम की सुरक्षा के मद्देनजर पुलिस ने हेलीपैड के पास बैरीकेडिंग कर रखी थी। सुबह जैसे ही सीएम का हेलीकॉप्टर दिखा, वहां मौजूद कार्यकर्ताओं ने सीएम के समर्थन में नारेबाजी शुरू कर दी।
हेलीकॉप्टर लैंड होते ही सुरक्षा घेरा तोड़ कार्यकर्ता सीएम के करीब पहुंच गए। यहां सीएम से हाथ मिलाने एवं उन्हें गुलदस्ता देने के लिए कार्यकर्ताओं में होड़ मच गई। इस दौरान सपाइयों की सीएम की सुरक्षा में लगे पुलिसकर्मियों से भी धक्कामुक्की हुई। वहां मौजूद आईजी एलबी एंटनी देव कुमार समेत तमाम वरिष्ठ अफसर कार्यकर्ताओं को सीएम से दूर करने का प्रयास करने लगे। कुछ कार्यकर्ताओं ने आईजी से भी धक्कामुक्की की।
कार्यकर्ताओं की वजह से विधायक अंसार अहमद, परवेज अहमद, विजमा यादव समेत कई अन्य पदाधिकारी सीएम से भेंट नहीं कर सके। हालांकि जिलाध्यक्ष पंधारी यादव ने सीएम का स्वागत किया और उनके काफिले के साथ एलनगंज भी गए। सीएम के पुलिस लाइन से जाते ही पुलिस ने पार्टी के नेताओं एवं कार्यकर्ताओं को बाहर कर दिया। हालांकि उन्हें बाहर करने के लिए एसपी यमुनापार समेत पुलिस कर्मियों को खासी मशक्कत करनी पड़ी।
चुनाव में करारी हार पर खामोश रहे अखिलेश
लोकसभा चुनाव में समाजवादी पार्टी की करारी हार पर प्रदेश अध्यक्ष एवं मुख्यमंत्री अखिलेश यादव के पास कोई जवाब नहीं है। बुधवार को न्यायमूर्ति रवींद्र सिंह के घर एक वैवाहिक समारोह में शामिल होने पहुंचे मुख्यमंत्री चुनाव में करारी हार से जुड़े किसी भी सवाल का जवाब देने से बचते रहे।
उन्होंने प्रदेश सरकार के आगामी बजट में लाभकारी योजनाओं, सड़क, स्वास्थ्य सेवा, बिजली व्यवस्था की बेहतरी के लिए उठाए जा रहे कदम के बारे में बताया। बोले इसका परिणाम आने वाले समय में दिखेगा।
सीएम बोले केंद्र की नई सरकार के संबंध में राष्ट्रीय अध्यक्ष मुलायम सिंह यादव ने छह माह तक किसी भी तरह की टिप्पणी न करने को कहा है। कहा कि पार्टी की हार पर राष्ट्रीय अध्यक्ष समीक्षा कर रहे हैं। विधायक, जिलाध्यक्षों के अलावा तमाम तरह से जानकारी ली गई है, चुनाव के दौरान जो कमियां सामने आई हैं, उसे दूर किया जाएगा।
जल्द समायोजित होंगे 2011 के टीईटी अभ्यर्थी
मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने कहा कि अटकी पड़ी 72825 प्राइमरी शिक्षकों की भर्ती के मसले पर कहा कि 2011 के टीईटी उत्तीर्ण अभ्यर्थियों को जल्द समायोजित करने के लिए कदम उठाए जा रहे हैं। सूबे के बिजली संकट पर उन्होंने कहा कि इस समस्या से निपटने के लिए तहसील स्तर पर विद्युत उपकेंद्र बनाए जा रहे हैं। दो वर्षों में विद्युत आपूर्ति व्यवस्था में सुधार हो जाएगा। तब शहरों को 22 और गांवों को 18 घंटे बिजली दी जाएगी।
राज्य भूमि उपयोग परिषद के उपाध्यक्ष और दर्जा प्राप्त राज्यमंत्री सतईराम यादव के निधन के बाद बुधवार को खलसहां गांव स्थित उनके आवास पर श्रद्धांजलि देने पहुंचे मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने पत्रकारों से बातचीत में यह बात कही। मुख्यमंत्री ने कहा कि बिजली आपूर्ति दुरुस्त करने के लिए सपा सरकार प्राथमिकता से काम कर रही है। उन्होंने कहा कि पार्टी का फैसला है कि नरेंद्र मोदी सरकार पर छह माह तक कोई टिप्पणी नहीं की जाएगी। हम भी उम्मीद करते हैं कि गंगा मइया साफ हो जाएं। इसी तरह, संविधान के अनुच्छेद 370 पर बहस कराने की बात पर भी पार्टी कोई टिप्पणी नहीं करेगी।