चित्रकूट। जिले के भरतकूप इलाके के पहाड़ों में मजदूरी के लिए नाबालिगों के यौन शोषण के आरोप में डीएम ने मजिस्ट्रेटी जांच के आदेश दिए हैं। छह सदस्यीय जांच समिति बनाई गई है।
मंगलवार रात चित्रकूटधाम के मंडलायुक्त गौरव दयाल, डीआईजी दीपक कुमार ने डीएम शेषमणि पांडेय व एसपी अंकित मित्तल के साथ संबंधित गांव में किशोरी और परिजनों से बातचीत की। इनके बयान दर्ज किए गए। इसके बाद जांच समिति बनाई गई। यह कार्रवाई निजी टीवी चैनल की खबर पर हुई। भरतकूप के आसपास के गांवों की दस से 16 साल की किशोरियों ने ठेकेदार और बिचौलिये पर काम के बदले मजदूरी देने लिए यौन शोषण का आरोप लगाया था। बुधवार को जिलाधिकारी शेषमणि पांडेय ने कलक्ट्रेट सभागार में पत्रकार वार्ता में बताया कि एसडीएम सदर एके पांडेय की अध्यक्षता में छह सदस्यीय अधिकारियों की टीम गठित की गई है। समिति में सीओ सिटी रजनीश यादव, खनिज अधिकारी सनी कौशल के अलावा जिला प्रोबेशन अधिकारी, जिला समाज कल्याण अधिकारी व डूडा की परियोजना अधिकारी को रखा गया है। समिति ने जांच शुरू कर दी है। डीएम ने बताया कि इस मामले में मंडलायुक्त व डीआईजी भी मंगलवार रात मौके पर गए थे। वीडियो फु टेज के आधार पर चिह्नित गांव में परिजनों से बातचीत की गई। जिला प्रशासन के मुताबिक परिजनों ने वीडियो तो स्वीकार किया लेकिन इसमें बातचीत से मुकर गए। एसडीएम ने बताया कि पूछताछ की गई है। रिपोर्ट डीएम कार्यालय को भेज दी है।