चित्रकूट। मंदाकिनी नदी की बाढ़ का पानी कम हुआ है। अब आवागमन का संकट खड़ा हो गया है। झांसी-मिर्जापुर हाईवे पर कर्वी में मंदाकिनी पुल का अप्रोच मार्ग आधा धंस गया है।
सुरक्षा के लिहाज से प्रशासन ने पुल से भारी वाहनों के आवागमन पर रोक लगा दी है। इसका सीधा असर बांदा-प्रयागराज के बीच चलने वाली रोडवेज बस सेवाओं पर पड़ा है।
प्रयागराज की ओर से आने वाली रोडवेज बसों को कर्वी से ही वापस किया जा रहा है, जबकि बांदा की ओर से आने वाली बसों को बेड़ी पुलिया से वापस लौटाया जा रहा है। फिलहाल पुल से सिर्फ कार व दोपहिया वाहनों को ही निकलने की अनुमति है। अप्रोच मार्ग की मरम्मत के लिए कर्मचारी मौके पर जुटे हुए हैं।
बांदा व प्रयागराज के बीच बस सेवा प्रभावित होने से यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। बस स्टैंड पर बांदा जाने के लिए इंतजार कर रहे यात्री मान सिंह ने बताया बसें पुल पार नहीं जा रही हैं। हमें दूसरे रास्ते से भेजा जा रहा है। किराया भी ज्यादा लग रहा है।
छात्रा मधु सिंह ने बताया कि उसे बांदा जाना है लेकिन बसें बंद होने से परेशानी हो रही है। मजबूरी में प्राइवेट गाड़ियों का सहारा लेना पड़ रहा है और चालक मनमाना किराया मांग रहे हैं।
रोडवेज कर्मचारियों ने बताया कि भारी वाहनों के आवागमन पर रोक के कारण बसों को वैकल्पिक मार्ग से भेजने या पुल से पहले ही रोकने की स्थिति बनी है। इससे बांदा और प्रयागराज के बीच नियमित बस संचालन प्रभावित हुआ है।
पीडब्ल्यूडी के सहायक अभियंता अखंड सिंह ने बताया कि मंदाकिनी के तेज बहाव के कारण पुल के अप्रोच मार्ग को नुकसान पहुंचा है। इसकी मरम्मत का काम तेजी से शुरू है। देर रात काम को पूरा कर यातायात बहाल कर दिया जाएगा।
बाढ़ से थमे रोडवेज बसों के पहिए, छह बसें कर्वी में फंसी
बांदा। चित्रकूट में मंदाकिनी नदी की बाढ़ का असर रोडवेज बसों के संचालन पर भी पड़ा है। बाढ़ का पानी बांदा-प्रयागराज मार्ग तक पहुंचने और यातायात रोके जाने के कारण बांदा डिपो की बसें शनिवार रात से चित्रकूट के आगे नहीं जा सकीं।
बांदा से जाने वाली बसों को शिवरामपुर और बेड़ी पुलिया के पास रोक दिया गया जबकि प्रयागराज की ओर से आ रही छह बसें कर्वी में फंस गईं। रविवार को भी बसों का संचालन प्रभावित रहा।
बांदा डिपो से प्रयागराज रूट पर 20 बसों का संचालन होता है। ये बसें अतर्रा, शिवरामपुर, बेड़ी पुलिया, कर्वी होते हुए प्रयागराज तक जाती हैं। शनिवार को चित्रकूट में अचानक बाढ़ आने के बाद रामघाट की ओर से पानी सड़कों पर पहुंचकर बांदा-प्रयागराज मार्ग तक आ गया। सुरक्षा को देखते हुए चित्रकूट प्रशासन ने लोगों से चित्रकूट की ओर यात्रा नहीं करने की अपील की और वाहनों के आवागमन पर रोक लगा दी।
परिवहन विभाग मुख्य मार्ग पर बने पुलों और बाढ़ के पानी की स्थिति पर नजर रख रहा है। पानी कम होने और प्रशासन से अनुमति मिलने के बाद ही चित्रकूट की ओर बसों का सामान्य संचालन शुरू हो सकेगा। (संवाद)
-
तीन दिन में करीब एक लाख ने किया निशुल्क सफर
चित्रकूट। रक्षाबंधन के दूसरे दिन शनिवार को 38,981 यात्रियों ने रोडवेज बसों में निशुल्क यात्रा की। बांदा डिपो के अनुसार शुक्रवार को भी करीब 39 हजार यात्रियों ने इस सुविधा का लाभ लिया था।
बृहस्पतिवार को पहले दिन करीब 20 हजार यात्रियों ने निशुल्क सफर किया। इस तरह तीन दिनों में करीब एक लाख यात्रियों ने निशुल्क यात्रा की है। बांदा डिपो के एआरएम देशराज ने बताया कि कुछ बसें अभी प्रयागराज में फंसी हैं। इनसे यात्रा करने वाले यात्रियों की संख्या अभी नहीं मिल सकी है। बसों के वापस आने के बाद टिकट मशीन के रिकॉर्ड से सही आंकड़ा मिल सकेगा। (संवाद)