12 सीकेटीपी-23- परिचय- पकड़ा गया इनामी शिहान शेख। संवाद
चित्रकूट। पंजीयन विहीन फर्म से भारी मात्रा में बिना आईडी सिम कार्ड बेचने के मामले में एसटीएफ और पुलिस की संयुक्त टीम ने 50 हजार रुपये के इनामी आरोपी शिहान शेख को मुंबई से गिरफ्तार किया है। आरोपी मूल रूप से मुंबई का निवासी है। शनिवार को एसटीएफ ने उसे राजापुर पुलिस के सुपुर्द किया। इस मामले के तार राजापुर से जुड़े हैं और अब तक कौशांबी, फतेहपुर के बाद मुंबई से भी आरोपी की गिरफ्तारी हुई है।
पुलिस अधीक्षक अरुण कुमार सिंह ने बताया कि एसटीएफ और पुलिस टीम ने मुंबई से जनपद प्रतापगढ़ के फतिगवां गांव निवासी शिहान शेख (30) को पकड़ा। तलाशी के दौरान उसके पास से बड़ी संख्या में सिम कार्ड और फर्जी आईडी कार्ड बरामद हुए हैं। आरोपी राजापुर की एक बिना पंजीयन वाली फर्म से बड़ी मात्रा में सिम कार्ड खरीदकर उन्हें बेचता था। इस कृत्य के लिए उस पर पुलिस प्रशासन द्वारा 50 हजार रुपये का इनाम घोषित किया गया था।
यह पूरा मामला राजापुर थाने में दर्ज है, जिसके चलते गिरफ्तार आरोपी को राजापुर पुलिस को सौंप दिया गया है। पुलिस अधीक्षक के अनुसार, यह मामला 2024 से चल रहा था। गहन छानबीन के बाद 16 मई 2025 को एसटीएफ और पुलिस टीम ने राजापुर कस्बे से पांच युवकों को गिरफ्तार किया था। इसके बाद की जांच में इनके तार कौशांबी और फतेहपुर से भी जुड़े पाए गए, जिसके चलते वहां से भी दो अन्य आरोपियों को पकड़ा गया था।
एसपी ने बताया कि राजापुर में मोबाइल सिम बेचने वाली ओमप्रकाश अग्रहरि उर्फ टीटू की फर्म का पंजीयन समाप्त हो चुका था। इसके बावजूद वह अपने साथियों के साथ मिलकर फर्जी आईडी और एक आईडी पर तीन से चार सिम बेचने का अवैध कारोबार कर रहा था। छापेमारी के दौरान, इस फर्म से बड़ी संख्या में एक्टिव और इनएक्टिव सिम कार्ड, लैपटॉप, मोबाइल, आधार कार्ड और अन्य महत्वपूर्ण दस्तावेज बरामद किए गए थे। इस मामले में अब तक ओमप्रकाश अग्रहरि के अलावा शिवदयाल, शिवबाबू, राहुल पांडेय, जितेंद्र कुमार, सुरेंद्र कुमार और संदीप पांडेय गिरफ्तार कर जेल भेजे जा चुके हैं, इनमें से दो आरोपियों को जमानत भी मिल चुकी है। इस गिरफ्तारी से सिम कार्ड धोखाधड़ी के एक बड़े गिरोह का पर्दाफाश हुआ है।