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Chitrakoot News: नाविक वसूल रहे मनमाना किराया, नियमों का उल्लंघन

Sun, 10 May 2026 12:16 AM IST
कानपुर ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, चित्रकूट
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चित्रकूट। जबलपुर, वृंदावन और हमीरपुर में हुए नाव हादसों के बाद चित्रकूट प्रशासन ने पवित्र मंदाकिनी नदी में नौकायन के लिए सुरक्षा नियम तय किए हैं। इन नियमों के तहत यात्रियों की संख्या और शुल्क निर्धारित किया गया है, लेकिन नाविक इनका पालन नहीं कर रहे हैं। वह क्षमता से अधिक यात्री बैठा रहे हैं और मनमाना शुल्क वसूल रहे हैं, इससे सुरक्षा का खतरा है और सैलानियों को आर्थिक नुकसान हो रहा है।
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प्रशासन ने नौका विहार के लिए लाइफ जैकेट, नाविकों के लिए टॉर्च और रस्सा जैसे सुरक्षात्मक संसाधनों को अनिवार्य किया है। नावों के पंजीकरण, नाविकों के लिए ड्रेस कोड, यात्रियों की अधिकतम संख्या और यात्री शुल्क भी तय किया गया है। जिला प्रशासन ने प्रति व्यक्ति 50 रुपये और नाव की बुकिंग के लिए 400 रुपये किराया निर्धारित किया है। हालांकि, नाविक 800 से 1000 रुपये तक वसूल रहे हैं, जो निर्धारित किराये से दोगुना है। नाव पर अधिकतम आठ सवारी बैठाने की अनुमति है, लेकिन नाविक 10 से 12 सवारियां बैठा रहे हैं। नाविकों का कहना है कि छह से सात सवारियों में उन्हें फायदा नहीं होता, इसलिए अधिक सवारी बैठाना उनकी मजबूरी है। इन दिनों बड़ी संख्या में श्रद्धालु मंदाकिनी नदी में नौका विहार के लिए उमड़ रहे हैं। गर्मियों की छुट्टियों में भी बड़ी संख्या में सैलानियों के आने की उम्मीद है।

फोटो-09 सीकेटीपी 16- अंबुज सिंह। संवाद

आठ सौ रुपये में 10 लोगों के लिए बुक की
फतेहपुर से रामघाट घूमने आए अंबुज सिंह ने बताया कि उन्होंने अपने परिवार के 10 सदस्यों के लिए आठ सौ रुपये में नाव बुक की थी। उन्होंने नौका विहार का अनुभव अच्छा बताया, लेकिन किराया को अधिक बताया।
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फोटो-09सीकेटीपी 17- मोहित यादव। संवाद

किराया अधिक होने पर नौका विहार नहीं कर पाए
दिल्ली के मोहित यादव ने बताया कि अधिक किराये के कारण वे नौका विहार नहीं कर पाए। उनका मानना था कि यदि किराया 400 से 500 रुपये के बीच होता तो वे नौका विहार कर पाते।
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बोले जिम्मेदार
नाव के संचालन के लिए लगातार जिला प्रशासन की ओर से नोटिस व कार्रवाई की जा रही है। इसके बाद भी कोई नहीं मान रहा है, तो उस पर कार्रवाई की जाएगी।
पुलकित गर्ग, जिलाधिकारी
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