चित्रकूट। पड़ोसी की हत्या के मामले में न्यायालय ने दोषी को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। साथ ही 25,000 रुपये के अर्थदंड से भी दंडित किया है। मामला राजापुर थाना क्षेत्र में 2008 का है।
बरद्वारा गांव के निवासी अनिरुद्ध प्रसाद द्विवेदी ने 28 अगस्त 2008 को राजापुर थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई कि पड़ोस में रहने वाले भोंदू उर्फ राधाकृष्ण ने उनके बेटे मधुकर द्विवेदी को तमंचे से गोली मार दी। जानकारी होते ही घायल अवस्था में उसे लेकर इलाज के लिए वह राजापुर आ रहे थे, लेकिन रास्ते में ही मधुकर ने दम तोड़ दिया।
पुलिस ने इस मामले में तहरीर के आधार पर भोंदू की पत्नी सुंदरिया समेत कई को नामजद किया था। पुलिस ने मामले की रिपोर्ट दर्ज करने के बाद आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायालय में आरोप पत्र दाखिल किया था। शुक्रवार बचाव और अभियोजन पक्ष की दलीलें सुनने के बाद अपर सत्र न्यायाधीश प्रथम अनुराग कुरील ने दोषी भोंदू उर्फ राधाकृष्ण को आजीवन कारावास की सजा सुनाई गई। अन्य दोषियों को पहले सजा हो चुकी है।